हिंदू राष्ट्र में मतलब अडानी, अंबानी व ट्रंप का है!
हां, हिंदू राष्ट्र को सोनम वांगचुक या जीडी अग्रवाल जैसे ‘कॉकरोचों’ से नहीं, बल्कि अडानी, अंबानी, चढ़ावा चोरों और ट्रंप जैसे लोगों से मतलब है। इन्हीं के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की चिंता है, क्योंकि पूरी लीला ही पैसे से आयोजित-प्रायोजित है। आखिर कलियुग में भगवान तप से नहीं, मार्केटिंग से पैदा होते हैं और आस्था के नाम पर भीड़ को ठगना परमोधर्म है। पिछले बारह वर्षों में क्या हुआ है? चाहे ‘श्वेत (काली की जगह) अर्थव्यवस्था’ का समय हो, ‘गंगा शववाहिनी’ का दौर, ‘अमृतकाल’ का आख्यान या ‘विकसित भारत’ के नारे- हर चरण में सबसे बड़ा निवेश मार्केटिंग पर...