तालमेल का जिम्मा गृह मंत्रालय को

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ पिछली बार वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए जो बैठक की थी उसका संचालन गृह मंत्री अमित शाह ने किया था। तभी यह अंदाजा लग गया था कि आगे कम से कम कोरोना वायरस और लॉकडाउन को लेकर राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ बातचीत करने और नए दिशा-निर्देश बनाने का जिम्मा अमित शाह का ही होगा।

कोरोना पर फीलगुड कराने का प्रयास

कोरोना के नाम पर केंद्र सरकार देश के लोगों को फीलगुड कराने का प्रयास कर रही है। तभी वायरस से संक्रमण के आंकड़े बताने की बजाय सरकार यह बताने पर जोर दे रही है कि संक्रमण के मामले दोगुने होने की रफ्तार सुधर रही है और लोगों के ठीक होने की दर भी सुधर रही है।

फंसे लोग घर लौट सकेंगे

कोरोना वायरस का संक्रमण फैलने से रोकने के लिए देश भर में लागू लॉकडाउन के दूसरे चरण की अवधि खत्म होने से ठीक पहले केंद्र सरकार ने देश के अलग-अलग हिस्सों में फंसे लोगों को बड़ी राहत दी है।

आज से खुलेंगी कॉलोनियो के निकट की दुकानें

देश भर में बंदी के बीच कुछ गैर जरूरी सामानों की दुकान आज से खुल जाएंगी। गृह मंत्रालय ने 24 अप्रैल को एक आदेश जारी कर कहा था कि आवासीय कॉलोनियों के नजदीक बनी दुकानों

राज्य अफ़वाहों पर अंकुश लगाने के लिए कदम उठाएं : गृह मंत्रालय

देशभर में 21 दिन के लॉकडाउन (बंद) के मद्देनजर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने राज्य सरकारों से खाद्य पदार्थ और अन्य आवश्यक सामान की कमी के बारे में फैल रही अफवाहों पर अंकुश लगाने की खातिर कदम उठाने के लिए कहा है।

सुरक्षाकर्मियों की छंटनी या वेतन कटौती न करें : गृह मंत्रालय

केंद्रीय गृह मंत्रालय ने कोरोना वायरस से लड़ने के लिए 21 दिन की लॉकडाउन (बंद) अवधि के दौरान निजी सुरक्षा एजेंसियों से सुरक्षाकर्मियों की छंटनी या उनके वेतन में कटौती न करने के लिए कहा है।

राम मंदिरः दिलों में ईंटे, लबों पर खुदा

अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए सरकार ने न्यास की घोषणा कर दी है और पांच एकड़ जमीन 25 किमी दूर मस्जिद के लिए तय कर दी है। सर्वोच्च न्यायालय के फैसले को लागू करके सरकार ने अपने कर्तव्य की इतिश्री समझ ली है। मंदिर तो बन ही जाएगा। संघ और भाजपा की मुराद तो पूरी हो ही जाएगी। लेकिन पता नहीं, मुसलमान संतुष्ट होंगे या नहीं। मुस्लिम संगठनों और नेताओं में से आज तक किसी ने भी सरकारी घोषणा का स्वागत नहीं किया है। उनमें से कुछ ने तो यह अतिवादी बात भी कह दी है कि मस्जिद तो वहीं बनेगी, जहां उसका ढांचा खड़ा था। उन्होंने यह भी कहा है कि अयोध्या से 20-25 किमी दूर उस मस्जिद में नमाज़ पढ़ने कौन जाएगा ? जिस सुन्नी वक्फ बोर्ड को यह 5 एकड़ जमीन दी गई है, उसके अधिकारी भी नहीं जानते कि बोर्ड उसे स्वीकार करेगा या नहीं ? दूसरे शब्दों में अदालत का फैसला लागू तो हो रहा है लेकिन डर है कि वह अधूरा ही लागू होगा। इसके लिए क्या अदालत जिम्मेदार है ? नहीं, इसकी जिम्मेदारी उसकी है, जिसने उस पांच एकड़ जमीन की घोषणा की है। वह कौन है ? वह सरकार है।… Continue reading राम मंदिरः दिलों में ईंटे, लबों पर खुदा

अयोध्या मामले पर बनी विशेष डेस्क

नई दिल्ली। अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के लिए सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने के बाद इससे जुड़े सभी मामलों पर विचार करने के लिए केंद्र सरकार ने अतिरिक्त सचिव की अध्यक्षता में एक विशेष डेस्क बनाई है। केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से जारी एक आदेश में कहा गया है कि इसमें तीन अधिकारी होंगे, जो अयोध्या और इससे जुड़े अदालती फैसलों पर गौर करेंगे। गृह मंत्रालय के आदेश में बताया गया है कि ये अधिकारी अतिरिक्त सचिव ज्ञानेश कुमार के नेतृत्व में काम करेंगे। इससे पहले फैसले के बाद से ही भाजपा के सारे नेता कहते रहे हैं कि अयोध्या में बहुत जल्दी भव्य राम मंदिर का निर्माण किया जाएगा। गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट ने नंवबर में दिए अपने फैसले में विवादित जमीन रामलला को देने और मुस्लिम पक्ष को दूसरी जगह पांच एकड़ जमीन देने को कहा था। मुस्लिम पक्ष को मस्जिद बनाने के लिए पांच एकड़ भूमि देने के अदालत के निर्देश पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार ने प्रस्तावित मस्जिद के लिए पांच जगहों की पहचान कर ली है। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, प्रदेश सरकार ने चार जगह अयोध्या-फैजाबाद मार्ग पर, अयोध्या-बस्ती मार्ग पर, अयोध्या-सुल्तानपुर मार्ग पर और अयोध्या-गोरखपुर मार्ग पर चिन्हित किए हैं… Continue reading अयोध्या मामले पर बनी विशेष डेस्क

देश के सभी पुलिस थानों में बनेगी महिला हेल्प डेस्क

नई दिल्ली। महिलाओं के खिलाफ लगातार बढ़ रही अपराधिक घटनाओं को देखते हुए केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। मोदी सरकार ने ​निर्णय लिया है देश भर के सभी थानो में महिला हेल्प डेस्क बनाई जाएगी। इसके लिए निर्भया फंड से सरकार ने 100 करोड़ रुपए जारी किए है। महिला हेल्प डेस्क का उद्देश्य पुलिस स्टेशन को महिलाओं के लिए अनुकूल और भरोसेमंद बनाना है। यह महिलाओं के लिये थाने में संपर्क का पहला और एकल बिंदु होगा। डेस्क में मूलतः महिला पुलिस अधिकारी को तैनात किया जाएगा। अधिकारियों को पुलिस स्टेशन में महिलाओं के प्रति संवेदनशील व्यवहार के लिए प्रशिक्षित किया जाएगा। डेस्क पर वकीलों, मनोवैज्ञानिकों, गैर-सरकारी संगठनों जैसे विशेषज्ञों के पैनल की जानकारी उपलब्ध होगी जो कानूनी सलाह, आश्रय, पुनर्वास इत्यादि से संबंधित सहायता प्रदान कर सकते हैं। यह योजना राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों द्वारा क्रियान्वित की जाएगी।

पश्चिम बंगाल के राज्यपाल की सुरक्षा पर पुनर्विचार की अपील

कोलकाता। पश्चिम बंगाल सरकार ने केंद्रीय गृह मंत्रालय से अपील की है कि वह राज्य के राज्यपाल जगदीप धनखड़ की सुरक्षा की जिम्मेदारी सीआरपीएफ को सौंपने के अपने फैसले पर पुनर्विचार करे। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी दी। राज्य सरकार ने गृह मंत्रालय को एक पत्र लिखकर पूछा कि राज्यपाल की सुरक्षा सीआरपीएफ को सौंपे जाने का फैसला लेने से पहले उससे विचार-विमर्श क्यों नहीं किया गया। राज्य सचिवालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि राज्य सरकार ने राज्यपाल की नियुक्ति के पहले दिन से उन्हें ‘जेड’ श्रेणी की सुरक्षा दी है। तो फिर, गृह मंत्रालय ने हमसे विचार-विमर्श किए बिना सीआरपीएफ को उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी सौंपने का फैसला अचानक क्यों लिया? अधिकारी ने कहा कि राज्य सरकार के सुरक्षा प्रबंध पुख्ता हैं और गृह मंत्रालय से इस मामले पर पुनर्विचार करने की अपील की गई है। धनखड़ ने 30 जुलाई को पश्चिम बंगाल के राज्यपाल के रूप में शपथ ग्रहण की थी। ये खबर भी पढ़ेंः ग्रामीण महिलाओं का सशक्तीकरण कर रही बंगाल सरकार: ममता गृह मंत्रालय ने 15 अक्टूबर को आदेश जारी कर सीआरपीएफ को धनखड़ की सुरक्षा की जिम्मेदारी अपने हाथ में लेने का आदेश दिया था। राज्यपाल को सुरक्षा कवर समूचे… Continue reading पश्चिम बंगाल के राज्यपाल की सुरक्षा पर पुनर्विचार की अपील

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