पलानीस्वामी ने ज्यादा सीटें नहीं छोड़ी
तमिलनाडु में दोनों प्रादेशिक पार्टियां किसी स्थिति में अपनी बनी बनाई जमीन राष्ट्रीय पार्टियों के लिए छोड़ने को तैयार नहीं हैं। डीएमके ने तमाम दबाव के बाद कांग्रेस को 25 की जगह 28 सीटें देने पर सहमति जताई तो दूसरी ओर अन्ना डीएमके ने किसी हाल में भाजपा को 30 से ज्यादा सीट नहीं देने का फैसला किया है। हालांकि यह भी भाजपा की सीट में 50 फीसदी की बढ़ोतरी है। 2021 के चुनाव में भाजपा 20 सीटों पर लड़ी थी और चार पर जीती थी। दूसरी ओर कांग्रेस 25 पर लड़ी थी और 18 सीटों पर जीती थी। बहरहाल,...