US Israel Iran War

  • छोटी सी जरूरत कितनी भारी

    भारत में पश्चिम एशिया की जंग का कैसा असर हुआ है यह अलकतरा की आपूर्ति घटने में देखा जा सकता है। भारत अपनी जरुरत का करीब 35 फीसदी अलकतरा याकि डामर खाड़ी के देशों खास कर ईरान, इराक और यूएई से आयात करता है। ईरान में जंग और होर्मुज की खाड़ी बंद होने से इसकी सप्लाई बंद हो गई। इसका असर यह हुआ है कि सड़कों, हाईवे आदि के निर्माण की रफ्तार धीमी हो गई। खबर है कि जहां 20 हजार टन की जरुरत थी वहां सात हजार टन अलकतरा की आपूर्ति हुई है और इसका एक असर है कि...

  • संसद में जताई गई चिंताओं के आगे क्या?

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम एशिया में चल रही जंग और उसके असर को लेकर संसद के दोनों सदनों में बयान दिया। उन्होंने जंग को लेकर चिंता जताई और कहा कि जंग जारी रही तो गंभीर नतीजे होंगे। प्रधानमंत्री ने दोनों सदनों में मोटे तौर पर एक ही लाइन पर अपनी बात रखी। लेकिन राज्यसभा में उन्होंने कुछ अलग जुमले बोले। जैसे ‘गंभीर नतीजे’ वाला जुमला उन्होंने राज्यसभा में बोला। इसके अलावा उनके दो जुमले और बहुत अहम हैं, जिन पर ध्यान देने की जरुरत है। उन्होंने कहा, ‘आने वाला समय देश की सबसे बड़ी परीक्षा लेने वाला है’। उनका...

  • खाडी में तीसरा सप्ताह ज्यादा सहमा हुआ!

    अमेरिका–इज़राइल–ईरान युद्ध का तीसरा सप्ताह अब शुरू है और स्थिति गंभीर है। आखिर हर कोई हर किसी पर बम गिरा रहा है। इज़राइल लेबनान और ईरान पर हमले कर रहा है। वही हिज़्बुल्लाह इज़राइल पर रॉकेट दाग रहा है तो ईरान केवल इज़राइल को ही नहीं बल्कि खाडी के अरब देशों को मिसाइलों, ड्रोन से दहला रहा है। पूरे पश्चिम एशिया के आसमान में ड्रोन और मिसाइलें एक-दूसरे को काटती हुई दिख रही हैं। रातें मानो सायरनों, रोशनी की लकीरों और इंटरसेप्टर प्रणालियों की बेचैन चमक से भरी हुई।  जाहिर है पश्चिम एशिया जंगबाजी की अपनी परिचित शैली के साथ...

  • अपने गुदगुदे गद्दों की लिप्सा में

    युद्ध तीन हफ़्ते चले या तीन महीने, जब ख़त्म होगा तो ईरान अगर हारा तो हार कर भी जीत जाएगा और इज़राइल-अमेरिका जीते भी तो जीत कर हार जाएंगे। इस युद्ध का नतीजा कुछ भी निकले, एक बात तय है कि इस के बाद किसी भी देश पर आक्रमण करने की हिम्मत अमेरिका बरसों-बरस नहीं करेगा। दुनिया भर को हर वक़्त अपनी धौंसबाज़ी के तेवर दिखाने वाले अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ईरान से उलझने के बाद भीतर से इतने भयभीत हो गए हैं कि अंडे के आकार वाले अपने दफ़्तर में आसपास खड़े पादरियों के साथ थरथर मुद्रा में बैठे...