नोटबंदी, कोविड के बाद फिर कतार का समय!
भारत में फिर संकट की स्थिति है। यह वाक्य असाधारण नहीं है। रोजमर्रा की बात है। कई मायनों में संकट देश की एक स्थायी राष्ट्...
भारत में फिर संकट की स्थिति है। यह वाक्य असाधारण नहीं है। रोजमर्रा की बात है। कई मायनों में संकट देश की एक स्थायी राष्ट्...
अमेरिका–इज़राइल–ईरान युद्ध का तीसरा सप्ताह अब शुरू है और स्थिति गंभीर है। आखिर हर कोई हर किसी पर बम गिरा रहा है। इज़राइल...
ईरान को नया सर्वोच्च नेता मिल गया है। हाल ही में मारे गए अयातुल्ला अली खामेनेई के बेटे मोज़तबा खामेनेई इस इस्लामी गणराज्...
“दुबईकरण” (“Dubaization”) शब्द जितना आकर्षक है, उतना ही विरोधाभासी भी। शहरी अध्ययन के विद्वान यासर एलशेश्तावी का गढ़ा गय...
भारत को आज अमेरिका से असामान्य ‘अनुमति’ मिली! अमेरिकी वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर लिखा—...
साफ दिखलाई दे रहा है कि भूमंडलीकरण इतिहास की अनिवार्य धारा नहीं है, बल्कि मानो...
यह सवाल सीधा नहीं है। दुनिया की राजधानियों में सार्वजनिक तौर पर सरकारें संयम और कूटनीति की बात करेंगी। लेकिन निजी बातचीत...
भारत इन दिनों खुद को ही मना रहा है। चौथे एआई शिखर सम्मेलन की मेजबानी पर अखबारों में उमंग भरे लेख छपे, टीवी बहसों में ताल...
इन दिनों दुनिया की सबसे ताकतवर महिला के रूप में “आयरन लेडी” सानाए ताकाइची वैश्विक चर्चा के केंद्र में हैं। जापान में उनक...
बांग्लादेश में “न्यू बांग्लादेश” का जनादेश है। चुनाव में बीएनपी को स्पष्ट बहुमत मिला है और तारिक रहमान की कमान मजबूती से...
क्या आप रात के भोजन में “दही फोम पर चार्ड पाइनऐप्पल के साथ कोशंबरी” या “कटहल और केले के फूल की सींख” खाना चाहेंगे? या मि...
पिछले हफ्ते वॉशिंगटन पोस्ट में हुई छँटनी चौंकाने वाली नहीं थी। एक कॉरपोरेट फ़ैसले के तहत तीन सौ से ज़्यादा पत्रकार और कर...
यह कोई साधारण आंकड़ा नहीं है। ऐसा सत्य है, जो पढ़ते ही दिल-दिमाग दोनों को झिंझोडता है। मनीकंट्रोल की एक रिपोर्ट ने बताया...
किसने कल्पना की थी एक दिन ऐसा भी आएगा जब रूस को अमेरिका दुश्मन की तरह देखना बंद करेगा? इतना ही नहीं वह यूक्रेन मसले पर स...
कौन सोच सकता था कि पश्चिमी दुनिया की उन राजधानियों में लोकतंत्र लुढकेगा जिन्होंने कभी इसके धर्मग्रंथ लिखे थे! मगर आज यह...