राज्य-शहर ई पेपर व्यूज़- विचार

संदिग्ध चीनी जासूसी गुब्बारा अमेरिका ने मार गिराया

वाशिंगटन। अमेरिका ने रविवार को देश के पूर्वी तट पर एक संदिग्ध चीनी जासूसी गुब्बारे को मार गिराया। स्थानीय मीडिया ने यह जानकारी दी है। इस हफ्ते की शुरुआत में अमेरिका ने दावा किया था कि यह गुब्बारा उत्तरी अमेरिका के संवेदनशील सैन्य स्थलों की जासूसी कर रहा है। एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन ने राष्ट्रीय सुरक्षा प्रयास कहे जाने के बीच दिन में तीन दक्षिण-पूर्वी हवाईअड्डों को अस्थायी रूप से बंद कर दिया था। अमेरिका ने एफ-22 विमानों से इसे मार गिराया। राष्ट्रपति जो बाइडेन ने इस अभियान में शामिल सैन्यकर्मियों को बाद में बधाई दी।

स्थानीय मीडिया के फुटेज में एक छोटा विस्फोट दिखा, जिसके बाद गुब्बारा पानी में गिर गया। ऑपरेशन को इस तरह से प्लान किया गया था कि सारा मलबा समुद्र में गिर जाए। इसके साथ ही जितना संभव हो उतना मलबा निकालने के लिए जहाजों को तैनात किया गया था। गुब्बारे को गिराए जाने के कुछ घंटे पहले राष्ट्रपति जो बाइडेन ने कहा था- हम इस पर ध्यान देंगे। हालांकि अमेरिकी कार्रवाई पर चीन ने तीखी प्रतिक्रिया दी है और नतीजे भुगतने की चेतावनी दी है।

गुब्बारे को सबसे पहले 28 जनवरी को अमेरिकी हवाई क्षेत्र में प्रवेश करते हुए देखा गया था। अंतरमहाद्वीपीय-बैलेस्टिक-मिसाइल साइलो की साइट मोंटाना पर सफेद ओर्ब टिका हुआ था। वह शनिवार को देश के उत्तरी कैरोलिना तक पहुंच गया था। चीनी विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार को पुष्टि की थी कि गुब्बारा चीन का है, लेकिन उसने कहा कि यह एक नागरिक हवाई पोत था जो जलवायु अनुसंधान कर रहा था और गलती से उड़ कर अमेरिकी सीमा में पहुच गया। इसे मार गिराने की कार्रवाई पर चीन ने कहा है कि अमेरिका ने ओवर रिएक्ट किया है और अंतरराष्ट्रीय मापदंडों का गंभीर उल्लंघन किया है।

Tags :

By NI Desk

Under the visionary leadership of Harishankar Vyas, Shruti Vyas, and Ajit Dwivedi, the Nayaindia desk brings together a dynamic team dedicated to reporting on social and political issues worldwide.

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

seventeen − 12 =