राज्य-शहर ई पेपर व्यूज़- विचार

दिल्ली मेट्रो ने सुप्रीम कोर्ट से माफी मांगी

नई दिल्ली। दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन यानी डीएमआरसी ने सुप्रीम कोर्ट से बिना शर्त माफी मांगी है। लेकिन साथ ही यह भी कहा है कि 10 अक्टूबर को कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन के दौरान दिल्ली मेट्रो को बंद नहीं किया गया था। डीएमआरसी ने कहा है कि प्रदर्शन के दौरान मेट्रो ट्रेन सेवाओं में न कटौती की गई नही सेवा रद्द की गई। गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट ने नौ अक्टूबर को बहुत साफ निर्देश दिया था कि मेट्रो सेवा नहीं बंद की जाए। इसके बावजूद अगले दिन 45 मेट्रो स्टेशन बंद थे।

इस पर अदालत ने नोटिस जारी करके पूछा था कि क्यों नहीं डीएमआरसी के खिलाफ अवमानना का मुकदमा चलाया जाए। इसके जवाब में डीएमआरसी ने बुधवार को सुप्रीम कोर्ट में हलफनामे देकर बताया कि 303 में से 45 स्टेशनों पर एंट्री और एग्जिट सीमित की गई थी। वहीं, 258 स्टेशन यानी मेट्रो नेटवर्क का 85 फीसदी से ज्यादा हिस्सा पूरी तरह चालू रहा। डीएमआरसी ने कहा कि 45 स्टेशनों पर एंट्री और एग्जिट सीमित करने का फैसला पुलिस के आकलन के आधार पर किया गया था।

गौरतलब है कि पहले खबर आई थी कि 57 मेट्रो स्टेशन बंद होंगे। इसके बाद नौ अक्टूबर को सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया था कि दिल्ली की मेट्रो सेना और दिल्ली आने या दिल्ली से बाहर जाने वाली ट्रेनों की आवाजाही पर पूरी तरह रोक न लगे। चीफ जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली बेंच ने डीएमआरसी और अन्य पक्षों को आदेश पालन हलफनामा दाखिल करने का भी निर्देश दिया था।

By NI Desk

Under the visionary leadership of Harishankar Vyas, Shruti Vyas, and Ajit Dwivedi, the Nayaindia desk brings together a dynamic team dedicated to reporting on social and political issues worldwide.

Leave a comment