Supreme Court

  • मुकदमों के समयबद्ध निपटारे की याचिका खारिज

    नई दिल्ली। सर्वोच्च अदालत ने हल्के फुल्के अंदाज में ही सही लेकिन यह माना है कि मुकदमों का समयबद्ध निपटारा करने का कोई आदेश नहीं दिया जा सकता है। अदालत ने माना है कि इससे वकीलों के साथ पंगा हो सकता है। असल में मुकदमों के समयबद्ध निपटारे का आदेश देने के लिए एक याचिका सुप्रीम कोर्ट में दायर हुई थी, जिसे अदालत ने खारिज कर दिया है। इस याचिका में देश भर की अदालतों में मुकदमों की सुनवाई में स्थगन मांगने पर भी दिशा निर्देश बनाने की मांग की गई थी। अदालत ने इस पर सुनवाई से इनकार कर...

  • नियुक्ति का पैनल बदलने से क्या होगा?

    मुख्य चुनाव आयुक्त और चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति का जो कानून बना है उस पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हो रही है। इस पर आने वाले फैसला दिलचस्प होगा। लेकिन उससे पहले सुनवाई के दौरान सर्वोच्च अदालत ने सरकार के सामने एक बड़ा अहम मुद्दा उठाया। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि अगर तीन सदस्यों की कमेटी चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति का फैसला करेगी, जिसमें प्रधानमंत्री और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष के साथ साथ एक कैबिनेट मंत्री होगा तो फिर हमेशा सरकार के पास दो का बहुमत होगा। फिर इसकी निष्पक्षता कैसे सुनिश्चित हो पाएगी? यही सवाल नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी...

  • अपेक्षा के अनुरूप ही

    सुप्रीम कोर्ट का फैसला उचित होने के बावजूद उससे बुल्डोजरी अंदाज में कराए गए एसआईआर पर उठे सवालों का जवाब नहीं मिला है। ना ही इससे निर्वाचन आयोग की मंशा पर जताए गए शक दूर होंगे। मतदाता सूचियों का विशेष गहन पुनरीक्षण संवैधानिक रूप से उचित है, इसको लेकर कभी किसी को शक नहीं था। निर्वाचन आयोग को यह प्रक्रिया संपन्न कराने का अधिकार है, इस पर भी कोई भ्रम कभी नहीं रहा। अब सुप्रीम कोर्ट ने यही व्यवस्था दी है, तो वह अपेक्षा के अनुरूप ही है। विवाद इसे कराने के लिए चुने गए वक्त पर था। बिहार में...

  • ईसीआई की संवैधानिक शक्तियों के दायरे में हैं एसआईआर: सुप्रीम कोर्ट

    सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को भारतीय चुनाव आयोग (ईसीआई) के उस फैसले को बरकरार रखा, जिसमें मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लागू करने का निर्णय लिया गया था। कोर्ट ने कहा कि यह पुनरीक्षण चुनाव आयोग की संवैधानिक और वैधानिक शक्तियों के भीतर है और इसका उद्देश्य चुनाव प्रक्रिया की शुद्धता बनाए रखना है।  भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची की पीठ ने फैसला सुनाया कि एसआईआर प्रक्रिया जन प्रतिनिधित्व अधिनियम (आरपीए), 1950 या उसके तहत बनाए गए नियमों का उल्लंघन नहीं करती। अदालत ने कहा कि चुनाव आयोग को संविधान के अनुच्छेद 324...

  • विशेष गहन पुनरीक्षण पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला, एसआईआर संविधान की कसौटी पर खरा

    बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुनाया है। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची की पीठ ने इस मामले में निर्णय दिया।  याचिकाओं में चुनाव आयोग द्वारा कराए जा रहे एसआईआर की वैधता को चुनौती दी गई थी। अदालत को यह तय करना था कि क्या चुनाव आयोग को संविधान के अनुच्छेद 326, जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 और उससे जुड़े नियमों के तहत वर्तमान स्वरूप में एसआईआर कराने का अधिकार है। सुनवाई के दौरान मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने कहा कि अदालत ने कई महत्वपूर्ण सवालों पर...

  • एनटीए को सुप्रीम कोर्ट की फटकार

    नई दिल्ली। मेडिकल में दाखिले के लिए हुई नीट की परीक्षा के पेपर लीक होने और परीक्षा रद्द होने के मामले की सुनवाई सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में हुई। पहले दिन की सुनवाई में सर्वोच्च अदालत ने परीक्षा कराने वाली केंद्र सरकार की नेशनल टेस्टिंग एजेंसी यानी एनटीओ को कड़ी फटकार लगाई। सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को कहा, ‘यह दुखद है कि एनटीए ने पहले हुए पेपर लीक मामले से कोई सबक नहीं लिया’। जस्टिस पीएस नरसिम्हा और जस्टिस आलोक अराधे की बेंच ने सोमवार को फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया मेडिकल एसोसिएशन, यूनाइटेड डॉक्टर्स फ्रंट और अन्य की ओर से...

  • अदालत की मौखिक टिप्पणियों और फैसलों का फर्क

    सुप्रीम कोर्ट की दो जजों जस्टिस उज्ज्वल भुइंया और जस्टिस बीवी नागरत्ना की बेंच ने सोमवार को जमानत के बारे में बड़ी टिप्पणी की। दोनों माननीय जजों ने कहा कि जमानत नियम है और जेल अपवाद है। उन्होंने यह भी कहा कि गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम कानून यानी यूएपीए के मामले में भी यही नियम लागू होता है। यानी यूएपीए मामले में भी जमानत का नियम होना चाहिए और अपवाद के तौर पर ही किसी को जेल भेजा जाना चाहिए। यह टिप्पणी करते हुए दोनों जजों ने जेएनयू के पूर्व छात्र नेता उमर खालिद की जमानत खारिज होने का भी जिक्र...

  • लाचारी जनित निर्ममता

    आवारा कुत्तों से बेशक इनसान की सुरक्षा खतरे में पड़ी है। चूंकि इसका कोई संवेदनशील और व्यावहारिक समाधान सामने नहीं है, अतः कोर्ट एक विवादास्पद निर्णय पर पहुंचा है। एक तरह से यह लाचारी जनित फैसला है। सर्वोच्च न्यायालय ने रेबीज या किसी अन्य गंभीर रोगों से ग्रस्त आवारा कुत्तों को मार डालने का रास्ता साफ कर दिया है। जस्टिस विक्रम नाथ, जस्टिस संदीप मेहता और जस्टिस एन.वी. अंजारिया की खंडपीठ ने दो टूक कहा कि सार्वजनिक स्थानों पर लोगों- विशेष रूप से बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। पिछले अगस्त में न्यायमूर्ति जे.बी. पारदीवाला और न्यायमूर्ति आर....

  • सुप्रीम कोर्ट के अंतर्विरोध

    सुप्रीम कोर्ट के निर्णय की सुप्रीम कोर्ट की तरफ से ही आलोचना आए, यह असाधारण है। इससे खालिद और इस्लाम के लिए क्यूरेटिव पीटीशन डालने का रास्ता खुला है। मगर मामला उससे कहीं अधिक महत्त्वपूर्ण है। सुप्रीम कोर्ट के तीन जजों की बेंच की बेंच ने एक पैमाना तय किया, मगर उसके बाद दो जजों की खंडपीठ ने उसकी अनदेखी कर दी। अब दो न्यायाधीशों की एक अलग पीठ ने उन दो जजों वाली बेंच के निर्णय की आलोचना की है और तीन न्यायाधीशों वाली पूर्व बेंच के निर्णय के अनुरूप आगे बढ़ी है। इससे जाहिर होता है कि सर्वोच्च...

  • खालिद की जमानत पर सुप्रीम मतभेद

    नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने जमानत के मामले में पुराने सिद्धांत को दोहराया है और कहा है कि आरोपियों को जमानत मिलनी चाहिए और जेल भेजना एक अपवाद की तरह होना चाहिए। इस क्रम में सर्वोच्च अदालत ने जमानत के मामले में अपने ही एक फैसले से असहमति जताई। सुप्रीम कोर्ट के दो जजों ने उमर खालिद की जमानत खारिज किए जाने पर सवाल उठाया और कहा कि फैसला देने वाली बेंच ने अदालत की बड़ी बेंच के फैसले का सम्मान नहीं किया। दिल्ली दंगे की साजिश से जुड़े मामले में जेएनयू के पूर्व छात्र नेता उमर खालिद को जमानत...

  • चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने सफाई दी

    नई दिल्ली। आमतौर पर देश के नेताओं को अपने बयानों पर सफाई देनी पड़ती है या यह कहना पड़ता है कि उनकी बातों को तोड़ मरोड़ कर पेश किया गया है। संभवतः पहली बार हुआ है कि देश के चीफ जस्टिस को यह बात कहनी पड़ रही है। वह सुनवाई के दौरान अदालत में कही गई बात पर। उन्होंने शनिवार को अपनी पैरासाइट और कॅाकरोच वाली टिप्पणी पर सफाई दी। उन्होंने कहा कि मीडिया के एक वर्ग ने उनकी टिप्पणी को गलत तरीके से पेश किया। चीफ जस्टिस ने कहा, ‘मेरी टिप्पणी खास तौर पर उन लोगों के लिए थी,...

  • सुप्रीम कोर्ट में दो दिन वर्क फ्रॉम होम

    नई दिल्ली। दिल्ली सरकार के बाद अब सुप्रीम कोर्ट ने भी हफ्ते में दो दिन घर से कामकाज की अनुमति दे दी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से पेट्रोलियम उत्पाद किफायत से खर्च करने की अपील के बाद सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को कामकाज को लेकर नए दिशानिर्देश जारी किए। अब सर्वोच्च अदालत के हर विभाग के कर्मचारी दो दिन वर्क फ्रॉम होम पर रहेंगे। साथ ही यह भी फैसला किया गया है कि सभी जज कार पूल करेंगे। यानी कई जज कार साझा करके एक साथ अदालत पहुंचेंगे। सुप्रीम कोर्ट की ओर से जारी नई गाइडलाइन के मुताबिक...

  • चुनावी याचिकाओं से कुछ भी हासिल नहीं होगा

    सुप्रीम कोर्ट ने ममता बनर्जी की पार्टी तृणमूल कांग्रेस को नई याचिकाएं दायर करने की अनुमति दे दी है। ममता की पार्टी के सांसद और वकील कल्याण बनर्जी ने अदालत को बताया कि पश्चिम बंगाल में 31 सीटें ऐसी हैं, जहां जीत और हार का अंतर मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर की प्रक्रिया में काटे गए वोट से कम है। संख्या को लेकर थोड़ा कंफ्यूजन अभी तक बना हुआ है। एक रिपोर्ट में बताया गया है कि कुल 49 सीटों पर एसआईआर में काटे गए वोट से कम अंतर से नतीजा आय़ा है। इसमें से 26 सीटें...

  • चुनाव याचिकाओं पर सुनवाई करेगा सुप्रीम कोर्ट

    नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल में हुए विधानसभा चुनाव से जुड़ी याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट सुनवाई के लिए तैयार हो गया है। सर्वोच्च अदालत ने सोमवार को कहा, ‘बंगाल में सीटों पर जीत का अंतर एसआईआर में कटे वोटों से कम होने के मामले में ममता बनर्जी और अन्य लोग नई याचिकाएं दाखिल कर सकते हैं’। अदालत इन याचिकाओं पर सुनवाई करेगी। चुनाव नतीजों के बाद तृणमूल कांग्रेस ने दावा किया है कि चुनाव में 31 सीटों पर जीत का अंतर, मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर के दौरान हटाए गए वोटों की संख्या से कम था। सोमवार को...

  • सुप्रीम कोर्ट में अब 37 जज होंगे

    नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में जजों की संख्या बढ़ाने का फैसला किया है। केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में सरकार ने चार नए जज बनाने का फैसला किया। इस तरह सर्वोच्च अदालत में जजों की संख्या 33 से बढ़ कर 37 हो जाएगी। सरकार संसद के अगले सत्र में इससे जुड़ा विधेयक पेश करेगी। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट में फिलहाल चीफ जस्टिस सहित 33 जजों की तय संख्या है। सरकार इसमें चार नए जज जोड़ना चाहती है। इसके लिए संसद के अगले सत्र में बिल लाया जाएगा। कैबिनेट की मंजूरी के बाद 1956...

  • हिमंता को सुप्रीम कोर्ट की फटकार

    नई दिल्ली। कांग्रेस नेता पवन खेड़ा को अग्रिम जमानत देते हुए सुप्रीम कोर्ट ने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा को कड़ी फटकार लगाई है। अदालत ने कहा कि एक संवैधानिक पद पर बैठ कर वे जैसी भाषा बोलते हैं उसे उचित नहीं कहा जा सकता है। अदालत ने उनकी भाषा को ‘अशोभनीय’ बताया। गौरतलब है कि गुरुवार की सुनवाई में खेड़ा के वकील अभिषेक सिंघवी ने अदालत में अखबार पेश किए थे, जिनमें पवन खेड़ा को लेकर दिया गया सरमा का बयान छपा था। अदालत ने गुरुवार को सुनवाई के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया था। सुप्रीम कोर्ट ने...

  • पवन खेड़ा को सुप्रीम कोर्ट से सशर्त अग्रिम जमानत

    कांग्रेस नेता पवन खेड़ा को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। शीर्ष अदालत ने शुक्रवार को उन्हें सशर्त अग्रिम जमानत दे दी है। कोर्ट ने साफ किया है कि खेड़ा को जांच में पूरा सहयोग करना होगा और जब भी पुलिस उन्हें बुलाएगी, उन्हें संबंधित थाने में उपस्थित होना पड़ेगा।  अदालत ने यह भी निर्देश दिया है कि पवन खेड़ा किसी भी तरह से सबूतों को प्रभावित या उनके साथ छेड़छाड़ नहीं करेंगे। साथ ही, बिना सक्षम न्यायालय की अनुमति के वे देश से बाहर नहीं जा सकेंगे। सुप्रीम कोर्ट ने ट्रायल कोर्ट को यह अधिकार भी दिया है...

  • जमानत के लिए सुप्रीम कोर्ट पहुंचे खेड़ा

    नई दिल्ली। गौहाटी हाई कोर्ट से अग्रिम जमानत की याचिका खारिज होने के बाद कांग्रेस के मीडिया प्रभारी पवन खेड़ा जमानत के लिए सुप्रीम कोर्ट पहुंचे हैं। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की पत्नी रिंकी भुइंया सरमा के ऊपर तीन पासपोर्ट रखने और अमेरिका में कंपनी होने के आरोप लगाने के बाद खेड़ा के खिलाफ असम पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है और उनको गिरफ्तार करने के लिए तलाश रही है। जमानत के लिए सुप्रीम कोर्ट पहुंचे खेड़ा ने अपनी अपील में गौहाटी हाई कोर्ट के फैसले को चुनौती दी है। साथ ही उन्होंने सुप्रीम कोर्ट से मांग की...

  • ममता पर सुप्रीम कोर्ट की तीखी टिप्पणी

    नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल में पहले चरण की 152 सीटों के लिए होने वाले मतदान से ठीक एक दिन पहले सुप्रीम कोर्ट में ममता बनर्जी के खिलाफ ईडी की एक याचिका पर सुनवाई हुई। इस दौरान सुप्रीम कोर्ट ने तृणमूल कांग्रेस की सुप्रीमो ममता बनर्जी पर तीखी टिप्पणी की। यह मामला ममता बनर्जी का चुनाव प्रबंधन संभालने वाली संस्था आईपैक पर ईडी के छापे से जुड़ी है। छापे के दौरान ममता बनर्जी ने मौके पर पहुंच गई थीं। ईडी ने आरोप लगाया है कि ममता ने उसके कामकाज में बाधा डाली। सर्वोच्च अदालत ने ईडी की कार्रवाई के बीच मुख्यमंत्री...

  • सुप्रीम कोर्ट ने हिंदुओं से एकजुट रहने को कहा

    नई दिल्ली। सबरीमाला मंदिर में हर उम्र की महिलाओं के प्रवेश के मामले में दायर याचिकाओं पर सुनवाई के आखिरी दिन सुप्रीम कोर्ट ने हिंदुओं से एकजुट रहने को कहा। मंदिर में महिलाओं के प्रवेश और धार्मिक भेदभाव से जुड़े मामले में सुनवाई करते हुए जस्टिस बीवी नागरत्ना ने कहा, 'हिंदू समाज को एकजुट होना चाहिए। दो संप्रदायों में बंटना नहीं चाहिए। वे हमारे मंदिर नहीं आ सकते, हम उनके मंदिर में नहीं जा सकते। यह सोच सही नहीं है। अगर कोई संप्रदाय अपने मंदिर को दूसरों के लिए नहीं खोलता, तो वह कमजोर हो जाएगा’। इससे पहले सुनवाई के...

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