वाराणसी। कार्तिक पूर्णिमा और गंगा स्नान के अवसर पर बुधवार को काशी में धूमधाम से देव दीपावली मनाई गई। गंगा के घाट और पूरा शहर 25 लाख दीयों से जगमगा। बताया गया है कि इनमें से 15 लाख दीये पर्यटन विभाग ने और 10 लाख दीये समितियों और काशी वासियों की ओर से जलाए गए। इससे पहले 2024 में 20 लाख दीये जलाए गए थे। देव दीपावली मनाने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार को दिन में ही काशी पहुंच गए थे।
मुख्यमंत्री ने स्वंय पहला दीया नमो घाट पर जलाया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने चुनाव क्षेत्र में आयोजित इस दीपोत्सव को ऑनलाइन देखा, जबकि मुख्यमंत्री ने क्रूज पर बैठ कर गंगा नदी से इस भव्य आयोजन का आनंद लिया। दशाश्वमेध घाट पर आयोजित इस बार की दीपावली ऑपरेशन सिंदूर की थीम पर आधारित थी। गौरतलब है कि हर साल दिवाली पर अयोध्या में भव्य दीपोत्सव होता है और कार्तिक पूर्णिमा के मौके पर काशी में देव दीपावली मनाई जाती है।
इस साल देव दीपावली मनाने 40 से ज्यादा देशों के लोग वाराणसी पहुंचे हैं। एक अनुमान के मुताबिक करीब 20 लाख पर्यटकों के पहुंचने की संभावना है। देवों की दीपावली की कहानी त्रिपुरासुर के संहार से जुड़ी है। देव दीपावली काशी ही नहीं प्रयागराज और मथुरा में भी मनाई गई। प्रयागराज में पांच लाख और मथुरा दो लाख दीये जलाए गए।


