नई दिल्ली। ईरान के नए सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई ने गुरुवार को पहला बयान जारी किया। उन्होंने राष्ट्र के नाम संदेश में दो टूक शब्दों में कहा कि होरमुज की खाड़ी बंद रहेगी। इसका मतलब है कि किसी भी देश के जहाज को होरमुज की खाड़ी से गुजरने की इजाजत नहीं होगी। अपने पहले बयान में मोजतबा खामेनेई ने अमेरिका को चेतावनी दी और कहा कि वह मध्य पूर्व में स्थित अपने सभी सैन्य अड्डों को तुरंत बंद कर दे, नहीं तो उन पर हमला किया जाएगा।
गौरतलब है कि ईरान पर इजराइल और अमेरिका के पहले के दिन अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के 10 दिन बाद उनके दूसरे बेटे मोजतबा खामेनेई को ईरान का नया सुप्रीम लीडर नियुक्त किया गया। नियुक्ति की घोषणा के बाद अपने पहले बयान में उन्होंने ईरान के लोगों से एकजुट रहने की अपील की और साथ ही कहा कि फिलहाल दबाव बनाए रखने के लिए होरमुज की खाड़ी को बंद रखा जाएगा।
मोजतबा खामेनेई का पहला संदेश गुरुवार को सरकारी टीवी पर पढ़कर सुनाया गया वे रविवार को सुप्रीम लीडर बने थेऔर उसके बाद से पहली बार कोई संदेश दिया। हालांकि सुप्रीम लीडर के तौर पर नियुक्ति की घोषणा के बाद से मोजतबा खामेनेई सार्वजनिक रूप से नजर नहीं आए हैं। बताया जा रहा है कि 28 फरवरी को हुए पहले हमले में वे भी घायल हो गए थे। हालांकि उनके पैर में मामूली चोट लगने की खबर है। अमेरिकी मीडिया में यह खबर आई थी और बाद में इजराइल के एक अधिकारी ने भी इसकी पुष्टि की।
साइप्रस में ईरान के राजदूत अलीरेजा सालारियन ने बुधवार को ‘गार्जियन’ अखबार से बातचीत में कहा कि मोजतबा खामेनेई उसी हवाई हमले में घायल हुए थे, जिसमें उनके पिता और पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत हुई थी। उस हमले में परिवार के पांच अन्य सदस्य भी मारे गए थे। रूस और चीन जैसे बड़े देशों ने मोजतबा को सुप्रीम लीडर के तौर पर स्वीकार किया है। पाकिस्तान ने भी उनको बधाई दी है।


