BJP MLA

  • भाजपा विधायक हब्बे टेरॉन सर्वसम्मति से असम विधानसभा के उपाध्यक्ष चुने गए

    भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक हब्बे टेरॉन सोमवार को सर्वसम्मति से असम की 16वीं विधानसभा के उपाध्यक्ष चुने गए। टेरॉन हाल में संपन्न विधानसभा चुनावों में पहली बार विधायक निर्वाचित हुए थे। असम विधानसभा के अध्यक्ष रंजीत कुमार दास ने घोषणा की कि टेरॉन के पक्ष में तीन नामांकन थे और किसी ने भी उनके खिलाफ चुनाव नहीं लड़ा। Also Read : ‘अल्फा’ ने पहले सप्ताहांत में 57 करोड़ रुपये से ज्यादा की कमाई की उन्होंने कहा चूंकि, कोई और नामांकन नहीं है, इसलिए मैं डॉ. हब्बे टेरॉन को 16वीं असम विधानसभा का उपाध्यक्ष घोषित करता हूं। टेरॉन ने 2023...

  • भाजपा विधायकों से क्रॉस वोटिंग कराने का कमाल

    एक तरफ जहां पूरे देश में विपक्षी पार्टियों के सांसद और विधायक भाजपा के पक्ष में या भाजपा समर्थित निर्दलीय के पक्ष में क्रॉस वोटिंग कर रहे हैं वही दूसरी ओर कर्नाटक में विधान परिषद के चुनाव में भाजपा के विधायकों ने कांग्रेस उम्मीदवार के समर्थन में क्रॉस वोटिंग की। भाजपा के कितने विधायकों ने क्रॉस वोटिंग की या जेडीएस के कितने विधायकों ने क्रॉस वोटिंग की इसके आंकड़े अलग अलग आ रहे हैं। लेकिन कांग्रेस के 135 विधायक हैं, लेकिन कांग्रेस को 151 वोट मिले। उसे पांच अतिरिक्त विधायकों का समर्थन पहले से प्राप्त था। इसका अर्थ है कि...

  • पहली बार छिपाए गए भाजपा के विधायक

    आमतौर पर कांग्रेस या दूसरी भाजपा विरोधी पार्टियों के सांसदों और विधायकों को छिपाने की जरुरत पड़ती है। क्योंकि ‘बिकने’ वाले हर पार्टी में हैं और ‘खरीदार’ सिर्फ भाजपा है। हर बार किसी भाजपा विरोधी पार्टी के विधायक या सांसद ही पाला बदलते हैं और क्रॉस वोटिंग करते हैं और बिना किसी अपवाद के हर बार यह काम भाजपा के समर्थन में होता है। इसलिए जब झारखंड में भाजपा के विधायकों को एक होटल में शिफ्ट किया गया तो सबको हैरानी हुई। यह पहली बार हुआ है कि राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग रोकने के लिए भाजपा को अपने विधायक...

  • भाजपा विधायक ने की एसआईआर की शिकायत

    देश के 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर का काम चल रहा है। लगभग सभी राज्यों में भाजपा विरोधी पार्टियां इसका विरोध कर रही हैं। लेकिन उत्तर प्रदेश में ऐसा लग रहा है कि भाजपा को ही इससे समस्या हो रही है। एसआईआर के पहले चरण के बाद जो मसौदा मतदाता सूची जारी हुई उसमें दो करोड़ 89 लाख मतदाताओं के नाम कट गए। भाजपा के नेता मान रहे हैं कि इसमें ज्यादातर भाजपा समर्थक मतदाता हैं। यह भी कहा जा रहा है कि शहरी इलाकों की सोसायटियों में रहने वाले...