राज्य-शहर ई पेपर व्यूज़- विचार

तेजस्वी यादव का तंज- शिक्षा, स्वास्थ्य और अपराध में बिहार नंबर वन

बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने नीतीश कुमार की सरकार पर तंज कसते हुए कहा कि सुशासन का भरोसा देने वाली सरकार कहां है, जब बिहार में आए दिन अपराध का ग्राफ बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि अपराध, शिक्षा, स्वास्थ्य और पलायन में बिहार नंबर वन है। 

पटना में तेजस्वी यादव ने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि बिहार की पूरी व्यवस्था चरमरा गई है। अस्पतालों में मरीजों को इलाज नहीं मिल रहा है, दवाएं उपलब्ध नहीं हैं, यहां तक कि स्ट्रेचर भी उपलब्ध नहीं हैं। दिनदहाड़े अररिया में निर्मम हत्या हुई। इस तरह की घटना ने प्रदेश के चौपट राज की पोल खोल दी है। प्रशासन कहां है? कहां है कानून व्यवस्था?

उन्होंने कहा कि जब हम सच बोलते हैं, तो लोग नाराज हो जाते हैं। अगर आप सच नहीं बोलेंगे और आपको असलियत पता ही नहीं होगी, तो आप भला क्या समाधान दे पाएंगे। अगर मैं कहता हूं कि बिहार एक गरीब राज्य है, तो इसमें आपत्ति की क्या बात है? यह तो नीति आयोग की रिपोर्ट में भी लिखा। प्रति व्यक्ति आय के मामले में बिहार सबसे नीचे है।

Also Read : महाराष्ट्र का 50 हजार साल पुराना लोनार झील, जहां रहस्यमयी ढंग से बदलता है पानी का रंग

तेजस्वी ने कहा कि 20 सालों से यहां एनडीए का राज है, जो सिर्फ भ्रष्टाचार में डूबा हुआ है। अपराध के मामले में भी बिहार नंबर वन है। बिहार अब हाथ से निकल चुका है। ‘डबल-इंजन’ सरकार होने के बावजूद कर्मचारियों को सैलरी नहीं मिल रही है, कर्मचारियों को छोड़िए, हमारी भी सैलरी नहीं मिल रही है। बिहार में कोई सिस्टम नहीं चल रहा है, पूरा खजाना खाली हो चुका है।

उन्होंने कहा कि आज बिहार की दशा और दिशा क्या हो गई है। अपराधियों में कानून का डर नहीं है। बिहार हर मामले में अन्य राज्यों की तुलना में बहुत पीछे है। डबल इंजन की सरकार कानून व्यवस्था संभालने में फेल है।

तेजस्वी यादव ने कहा कि बिहार में हम लोग पहले देखते थे कि पांच साल के लिए सरकार चुनी जाती थी। अब तो आए दिन सरकार बन रही है। एनडीए के लोगों को चिंता है कि बिहार में अगला मुख्यमंत्री भाजपा का कौन होगा। किसी को इस बात की चिंता नहीं है कि अपराध को काबू करने के लिए क्या करना चाहिए, जबकि गृह विभाग भाजपा के पास है।

Pic Credit : ANI

By Naya India

Naya India, A Hindi newspaper in India, was first printed on 16th May 2010. The beginning was independent – and produly continues to be- with no allegiance to any political party or corporate house. Started by Hari Shankar Vyas, a pioneering Journalist with more that 30 years experience, NAYA INDIA abides to the core principle of free and nonpartisan Journalism.

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

five − 5 =

और पढ़ें