प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फ्रांस के एवियन में आयोजित जी-7 शिखर सम्मेलन के दौरान जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज से मुलाकात की। इस साल दोनों नेताओं के बीच यह दूसरी मुलाकात थी। दोनों नेताओं ने व्यापार, रक्षा, निवेश और सांस्कृतिक संबंधों को आगे बढ़ाने के मुद्दों पर चर्चा की।
दोनों नेताओं ने भारत और जर्मनी के बीच चल रहे सहयोग की प्रगति की समीक्षा की और इस बात पर संतोष जताया कि भारत-जर्मनी रणनीतिक साझेदारी को नई गति मिली है।
प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट में कहा जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज के साथ हुई बातचीत बहुत ही सकारात्मक और उपयोगी रही। हमने इस बात पर चर्चा की कि व्यापार, निवेश, सर्कुलर इकोनॉमी, रक्षा, आईटी और अन्य क्षेत्रों में मिलकर काम करके हम अपने द्विपक्षीय सहयोग को और कैसे मजबूत बना सकते हैं। हमने यह भी बात की कि हमारे दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक संबंधों को और बेहतर और मजबूत कैसे किया जा सकता है।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट में जानकारी साझा करते हुए बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एवियन में जी-7 शिखर सम्मेलन के दौरान जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज के साथ मीटिंग की। दोनों नेताओं ने इंडिया-जर्मनी स्ट्रेटेजिक पार्टनरशिप में नई तेजी पर खुशी जताई। दोनों देश डिप्लोमैटिक रिश्तों के 75 साल पूरे होने का जश्न मना रहे हैं।
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नेताओं ने ट्रेड और इन्वेस्टमेंट, डिफेंस और सिक्योरिटी, ग्रीन और सस्टेनेबल डेवलपमेंट, टेक्नोलॉजी, इनोवेशन, एजुकेशन और मोबिलिटी जैसे एरिया में पार्टनरशिप को मजबूत करने के अपने कमिटमेंट को फिर से कंफर्म किया।
नेता इस बात पर सहमत हुए कि इंडिया-ईयू एफटीए को जल्दी लागू करने से इंडिया-जर्मनी के रिश्ते और गहरे होंगे। उन्होंने खास ग्लोबल और रीजनल चुनौतियों पर भी चर्चा की।
पीएम मोदी ने चांसलर मर्ज की भारत यात्रा और इस साल भारत-यूरोपीय संघ (ईयू) मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) की बातचीत सफलतापूर्वक पूरी होने का भी स्वागत किया।
उन्होंने रक्षा औद्योगिक सहयोग रोडमैप पर हस्ताक्षर होने और जर्मनी से होकर गुजरने वाले भारतीय नागरिकों के लिए ट्रांजिट वीजा छूट व्यवस्था लागू होने का भी स्वागत किया। दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी चर्चा की। इसमें पश्चिम एशिया की स्थिति और रूस-यूक्रेन संघर्ष जैसे विषय शामिल थे। उन्होंने पश्चिम एशिया में संघर्ष समाप्त करने के लिए बनी सहमति का भी स्वागत किया।
इस दौरान चांसलर मर्ज ने प्रधानमंत्री मोदी को इस वर्ष के अंत में जर्मनी में होने वाली 8वीं भारत-जर्मनी अंतर-सरकारी परामर्श बैठक (आईजीसी) में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया।
Pic Credit : ANI
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