तिरुवनंतपुरम। कांग्रेस ने भारतीय प्रतिभूति विनिमय बोर्ड (सेबी) की प्रमुख माधवी बुच के खिलाफ ‘हिंडनबर्ग रिसर्च’ के आरोपों को लेकर केंद्र की नरेन्द्र मोदी सरकार से मामले पर जेपीसी (संयुक्त संसदीय समिति) से जांच की मांग की। यदि इसे नहीं माना तो वह देशव्यापी विरोध प्रदर्शन करेगी।
पार्टी के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल ने आरोपों को ‘बहुत गंभीर’’ बताया और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर इस मामले पर अदानी का समर्थन करने का आरोप लगाया। वेणुगोपाल ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘इस मामले पर प्रधानमंत्री की चुप्पी विश्वसनीयता को खत्म करने के समान है।’’
उन्होंने केंद्र सरकार पर लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय का इस्तेमाल कर मामले से लोगों का ध्यान भटकाने की कोशिश करने का आरोप लगाया। उन्होने कहा, ‘‘राहुल गांधी को ईडी की नोटिस से धमकाने की कोशिश न करें। हम इस तरह की मुद्दे से ध्यान भटकाने वाली रणनीति का कड़ा विरोध करेंगे।’’
वेणुगोपाल ने कहा कि ‘‘यह देश का सबसे गंभीर मुद्दा है” और अगर जेपीसी जांच की मांग स्वीकार नहीं की गई, तो देश भर में विरोध प्रदर्शन किया जाएगा।
हिंडनबर्ग रिसर्च ने शनिवार को आरोप लगाया था कि सेबी की अध्यक्ष बुच और उनके पति के पास कथित अदानी धन हेराफेरी घोटाले में इस्तेमाल किए गए अस्पष्ट ‘विदेशी फंड’ में हिस्सेदारी थी। सेबी प्रमुख बुच और उनके पति ने एक संयुक्त बयान जारी कर हिंडनबर्ग के आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इसे पूरी तरह से बेबुनियाद बताया है।
Leave a comment
You must be logged in to post a comment.



