राज्य-शहर ई पेपर व्यूज़- विचार

राष्ट्रपति ट्रंप ने क्यूबा को धमकी दी

नई दिल्ली। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने क्यूबा को खुली धमकी दी है। उन्होंने सोशल मीडिया में पोस्ट लिख कर कहा है कि इससे पहले की देर हो जाए, क्यूबा को अमेरिका से समझौता कर लेना चाहिए। गौरतलब है कि वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी को वेनेजुएला से पकड़वा कर न्यूयॉर्क लाने के घटनाक्रम पर क्यूबा के राष्ट्रपति ने तीखी प्रतिक्रिया दी थी। उसके बाद ट्रंप ने उन्हें समझौते के नसीहत दी है अन्यथा खामियाजा भुगतने की चेतावनी दी है।

राष्ट्रपति ट्रंप ने रविवार, 11 जनवरी को क्यूबा को नसीहत देते हुए कहा कि उन्हें अमेरिका के साथ डील कर लेनी चाहिए, कहीं बहुत ज्यादा देर ना हो जाए। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर समझौता नहीं होता है तो क्यूबा का तेल और फंड रोक दिया जाएगा। राष्ट्रपति ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा, ‘क्यूबा को अब न तो तेल जाएगा और न ही पैसा- शून्य! मैं उन्हें सलाह देता हूं कि वे बहुत देर होने से पहले एक डील साइन कर लें’।

डोनाल्ड ट्रंप ने आगे लिखा, ‘क्यूबा कई सालों तक वेनेजुएला से मिलने वाले भारी मात्रा में तेल और फंड पर निर्भर रहा। बदले में, क्यूबा ने वेनेजुएला के पिछले दो तानाशाहों को ‘सुरक्षा सेवाएं’ प्रदान कीं, लेकिन अब और नहीं’। अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि पिछले सप्ताह अमेरिका के हमले में ज्यादातर क्यूबा के लोग मारे गए हैं और वेनेजुएला को अब उन गुंडों और जबरन वसूली करने वालों से सुरक्षा की आवश्यकता नहीं है, जिन्होंने उन्हें इतने वर्षों तक बंधक बनाकर रखा था।

राष्ट्रपति ट्रंप ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, ‘वेनेजुएला के पास अब संयुक्त राज्य अमेरिका है, जो विश्व की सबसे शक्तिशाली सेना है, जो उनकी रक्षा करेगी और हम उनकी रक्षा करेंगे। गौरतलब है कि क्यूबा के राष्ट्रपति मिगुएल डियाज़-कैनेल ने शनिवार, 10 जनवरी को हवाना में अमेरिकी दूतावास के सामने हजारों लोगों के साथ रैली में वेनेजुएला पर हमला करने और उसके राष्ट्रपति को पकड़ने के लिए अमेरिका की निंदा की। उन्होंने कहा, ‘क्यूबा इन कार्रवाइयों की निंदा करता है और इन्हें राज्य आतंकवाद का कृत्य मानता है’।

By NI Desk

Under the visionary leadership of Harishankar Vyas, Shruti Vyas, and Ajit Dwivedi, the Nayaindia desk brings together a dynamic team dedicated to reporting on social and political issues worldwide.

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

fifteen − 5 =