nayaindia farmer protest किसानों की आर-पार की लड़ाई
Trending

किसानों की आर-पार की लड़ाई

ByNI Desk,
Share

चंडीगढ़। पंजाब और हरियाणा की सीमा पर प्रदर्शन कर रहे किसान बुधवार को आर-पार की लड़ाई शुरू कर सकते हैं। केंद्र सरकार से चार दौर की बातचीत के बाद सहमति नहीं बनने पर किसानों ने बुधवार को दिल्ली कूच का ऐलान किया है। अब तक शांतिपूर्ण तरीके से सीमा पर बैठ कर प्रदर्शन कर रहे किसान बुधवार को बैरिकेडिंग तोड़ कर आगे बढ़ने की तैयारी में हैं। शंभू बॉर्डर पर किसान आंदोलन का आक्रामक स्वरूप देखने को मिल सकता है।

बुधवार को हर हाल में दिल्ली की ओर रवाना होने के लिए किसान एक दिन पहले से तैयारी कर रहे हैं। पुलिस की बैरिकेडिंग तोड़ने और आंसू गैस के गोलों का मुकाबला करे की तैयारी हो रही है। बताया जा रहा है कि हरियाणा पुलिस की बैरिकेडिंग तोड़ने के लिए किसान जेसीबी और हाईड्रोलिक क्रेन जैसी भारी मशीनरी लेकर सीमा पर पहुंच गए हैं। इसके अलावा बुलेटप्रूफ पोकलेन मशीन भी लाई गई है। इसमें बैठने वालों के लिए आंसू गैस के गोलों से बचने का इंतजाम भी किया गया है।

गौरतलब है कि केंद्र सरकार के साथ किसानों की चौथे दौर की वार्ता के बाद में सरकार की ओर से कपास, मक्का, मसूर, अरहर और उड़द यानी पांच फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य, एमएसपी देने का प्रस्ताव दिया गया था। किसानों ने यह प्रस्ताव खारिज कर दिया। किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल ने कहा- हमने विशेषज्ञों और किसानों से केंद्र के प्रस्ताव पर बात की। इसके बाद हम इस नतीजे पर पहुंचे कि प्रस्ताव हमारे हित में नहीं है। एमएसपी पर कानूनी गारंटी की हमारी मांग पूरी हो। उन्होंने यह भी कहा कि एमएसपी देने के लिए 1.75 लाख करोड़ की जरूरत नहीं है।

इस बीच किसान मजदूर मोर्चा के कोऑर्डिनेटर सरवण सिंह पंधेर ने कहा- हम शांतिपूर्ण तरीके से दिल्ली की तरफ बढ़ेंगे। हमें उम्मीद है कि हरियाणा सरकार हमारें खिलाफ अब कोई कार्रवाई नहीं करेगी। बताया जा रहा है कि पंजाब व हरियाणा के शंभू और खनौरी बॉर्डर पर दो हजार ट्रैक्टर बुधवार की सुबह 11 बजे दिल्ली कूच के लिए तैयार हैं। किसानों के मुताबिक करीब 12 सौ ट्रॉली शंभू बॉर्डर पर और आठ सौ से ज्यादा खनौरी बॉर्डर पर खड़ी हैं। जो बुधवार सुबह 11 बजे दिल्ली जाने के लिए हरियाणा बॉर्डर में घुसेंगी।

उधर किसान आंदोलन को देखते हुए हरियाणा के सात जिलों में इंटरनेट पर पाबंदी का फैसला 20 फरवरी तक बढ़ा दिया गया है। हरियाणा के जींद में मंगलवार को जिले की खापों व किसान संगठनों की महापंचायत हुई। खापों के प्रतिनिधियों ने कहा कि संयुक्त किसान मोर्चा जब भी किसी तरह का सहयोग खापों से मांगेगा तो खाप हर कदम पर साथ देंगी।

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

और पढ़ें

Naya India स्क्रॉल करें