कोलकाता। एक तरफ भारतीय जनता पार्टी ने पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस की 15 साल की सरकार के खिलाफ आरोपपत्र पेश किया तो दूसरी ओर इसके कुछ घंटे के बाद ही तृणमूल कांग्रेस ने भी भाजपा के खिलाफ आरोपपत्र जारी किया। तृणमूल कांग्रेस के आरोपपत्र में भाजपा शासित राज्यों में महिलाओं की सुरक्षा पर सवाल उठाए। तृणमूल कांग्रेस की सांसद महुआ मोइत्रा ने मणिपुर में जातीय हिंसा पर अमित शाह से जवाब मांगा और कहा कि पूर्वोत्तर राज्य में पिछले तीन वर्षों से खून बहा रहा है।
महुआ मोइत्रा ने कहा, ‘भाजपा बंगाल में अपने नफरत भरे असम शैली के नजरबंदी शिविर मॉडल को लाने के लिए बंगाली और बांग्लादेशियों के बीच की लाइन को धुंधला करना चाहती है’। उधर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शनिवार को पश्चिम बर्धमान जिले के खनन शहर की रैली में कहा, ‘बंगाल को बरबाद करने की कोशिश में भाजपा पूरे देश में सत्ता खो देगी’। उन्होंने चुनाव आयोग पर भी निशाना साधा और चुनाव आयोग पर भाजपा के इशारे पर मतदाता सूची से मतदाताओं के नाम हटाने का आरोप लगाए। ममता बनर्जी ने चेतावनी देने के अंदाज में कहा, ‘लक्ष्मण रेखा होनी चाहिए, लेकिन भाजपा सारी हदें पार कर रही है। एसआईआर तुम्हारे लिए मौत की घंटी साबित होगा’।


