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  • परजीवी होने में भाजपा और कांग्रेस का अंतर

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस को परजीवी पार्टी कहा है। उन्होंने कई बार पहले भी यह बात कही है। इस बार रविवार को दक्षिण भारत के दौरे पर उन्होंने यह बात कही। यह संयोग है कि जिस समय प्रधानमंत्री ने यह तंज किया उस समय तमिलनाडु की नई सरकार शपथ ले रही थी और मंच पर मुख्यमंत्री विजय के साथ राहुल गांधी भी बैठे हुए थे। प्रधानमंत्री ने कहा कि कांग्रेस अब परजीवी पार्टी हो गई है। यह बात एक स्तर पर सही है। हालांकि अभी जिन तीन राज्यों में कांग्रेस की सरकार है वह सरकार उसने अपने दम पर...

  • भाजपा में आउटसाइडर सीएम क्लब

    भारतीय जनता पार्टी के नेताओं और भाजपा बीट कवर करने वाले पत्रकारों में इन दिनों आउटसाइडर सीएम क्लब की बड़ी चर्चा हो रही है। भाजपा के पुराने नेता तंज करने के अंदाज में अपनी पीड़ा जाहिर कर रहे हैं तो नेतृत्व के फैसले को हर हाल में डिफेंड करने वाले नेता कह रहे हैं कि अगर ऐसा नहीं होता तो भाजपा का भगवा रंग देश के इतने हिस्से में नहीं फैला होता। दोनों के अपने अपने तर्क हैं। लेकिन दोनों पक्ष इस बात पर सहमत है कि यह एक रणनीतिक दांव है, जिसका फायदा भाजपा को हुआ है। अगर ऐसा...

  • संजीव अरोड़ा के भाजपा में शामिल होने का समय

    पंजाब सरकार के मंत्री और आम आदमी पार्टी के नेता संजीव अरोड़ा को प्रवर्तन निदेशालय यानी ईडी ने गिऱफ्तार कर लिया है। यह संयोग है कि संजीव अरोड़ा पहले राज्यसभा सांसद थे और इसी साल उनको उपचुनाव लड़ा कर विधायक बनाया गया और वे मंत्री बने। उनकी खाली की हुई राज्यसभा सीट पर राजेंदर गुप्ता को उच्च सदन भेजा गया। पिछले दिनों राजेंदर गुप्ता आम आदमी पार्टी छोड़ कर भाजपा में शामिल हो गए। उनके साथ साथ लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के मालिक अशोक मित्तल भी भाजपा में शामिल हो गए। अशोक मित्तल जिस दिन भाजपा में शामिल हुए उससे ठीक...

  • भाजपा के मजबूत क्षत्रपों को कमान

    भारतीय जनता पार्टी अब दूसरी तरह से लोगों को चौंका रही है। वह मजबूत क्षत्रप नेताओं को राज्यों में कमान दे रही है। बिहार में सम्राट चौधरी और पश्चिम बंगाल में शुभेंदु अधिकारी को मुख्यमंत्री बनाया गया। असम में हिमंत बिस्वा सरमा ही फिर से सीएम बनेंगे यह लगभग तय है। असल में पहले भाजपा के बारे में यह धारणा बनी थी कि वह किसी को भी मुख्यमंत्री बना सकती है। कहा जाने लगा था कि भाजपा पर्ची से निकाल कर सीएम के नाम तय कर रही है। राजस्थान में भजनलाल शर्मा और मध्य प्रदेश में मोहन यादव को सीएम...

  • कई राज्यों में भूलसुधार करेगी भाजपा!

    अब सवाल है कि भारतीय जनता पार्टी ने यह सबक लिया है कि राज्यों में मजबूत नेता की जरुरत है और तीन साल बाद होने वाले लोकसभा चुनाव में उसे वापस बहुमत हासिल करना है तो वह भूलसुधार कब करेगी? कई राज्यों में भाजपा को भूलसुधार की जरुरत महसूस हो रही है। खास कर राजस्थान और मध्य प्रदेश को लेकर भाजपा बहुत भरोसे में नहीं है। राजस्थान में पूर्ण बहुमत मिलने के बाद भाजपा ने भजनलाल शर्मा को मुख्यमंत्री बनाया था और उसके साथ ही हुए चुनाव के बाद मध्य प्रदेश में मोहन यादव को कमान दी गई थी। लेकिन...

  • भाजपा-जदयू में दबाव की राजनीति चलती रहेगी

    बिहार में नई सरकार का गठन हो गया है। मुख्यमंत्री और दो उप मुख्यमंत्रियों की शपथ के 22 दिन बाद बाकी मंत्रियों की शपथ हुई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित पार्टी के सभी बड़े नेताओं की मौजूदगी में शपथ समारोह हुआ। भाजपा और जदयू के साथ साथ बाकी सहयोगी पार्टियों के प्रति भी पूरा सद्भाव दिखाया गया। तीनों छोटी पार्टियों को भी उनकी संख्या के हिसाब से मंत्री पद दिए गए। जीतन राम मांझी और उपेंद्र कुशवाहा ने अपने बेटों को मंत्री बनवाया। चिराग पासवान के भी दो मंत्री बने। लेकिन असली कहानी भाजपा...

  • नितिन गडकरी क्यों दूर हो गए?

    यह लाख टके का सवाल है कि नितिन गडकरी क्या कर रहे हैं? उनके मंत्रालय को लेकर गाहे बगाहे खबरें आती हैं वह भी पहले की तरह नहीं। पहले तो केंद्र सरकार के सिर्फ एक मंत्री की चर्चा होती थी और वह मंत्री होते थे नितिन गडकरी। उनकी चौतरफा जय जयकार होती थी। उनके बारे में कहा जाता था कि वे सबसे अच्छा काम कर रहे हैं। अब भी उनके मंत्रालय की एकाध खबरें आती हैं। कभी पेट्रोल में इथेनॉल मिलाने की तो कभी टोल वसूली के ज्यादा आधुनिक तरीके की। हालांकि इसे लेकर उनका मजाक ज्यादा बनता है। लोग...

  • कमल भी अब नीलकमल है! काला है!

    पांच मई 2026 के दिन अखबारों में एक और शीर्षक था, ‘बंगाल में कमल खिला’! ‘नया इंडिया’ में भी था। पल भर के लिए मन में प्रतिक्रिया थी, कमल खिला या दलदल खिला? क्यों? इसलिए क्योंकि मैंने कमल फूल को सनातन धर्म के चश्मे से जाना है। वह चश्मा मोदी-शाह-भाजपा के चश्मे से एकदम विपरीत है। कैसे? नोट करें कि कमल केवल फूल नहीं है, सनातन धर्म की दार्शनिकता है। मूल का “पद्म” शब्द सनातन धर्म में दिव्यता, चेतना, अलिप्तता का पर्याय है। गीता में एक शब्द है, “पद्मपत्रमिवाम्भसा”। सोचें, इस दर्शन पर कि संसार कीचड़ है, जबकि जीवन जल...

  • कांग्रेस के कारण विजय से नाराज भाजपा

    कायदे से तमिलनाडु के राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर को जोसेफ विजय चंद्रशेखर की ओर से पेश किया गया सरकार बनाने का दावा तत्काल स्वीकार कर लेना चाहिए था। आखिर तमिलनाडु की जनता ने इस बार विधानसभा चुनाव में सिर्फ एक पार्टी जिताया है। बाकी सारी पार्टियों को जनता ने बुरी तरह से हराया है। सो, अगर जीती हुई पार्टी का नेता सरकार बनाने का दावा पेश करता है तो राज्यपाल को उसमें आपत्ति नहीं होनी चाहिए। वैसे भी एसआर बोम्मई केस में सुप्रीम कोर्ट का फैसला है कि बहुमत की परीक्षा राजभवन में नहीं, बल्कि विधानसभा के पटल पर होगी।...

  • भाजपा और ऊपर जाएगी या ढलान आएगा?

    देश की राजनीति में भारतीय जनता पार्टी की आज वह स्थिति है, जो आजादी के बाद पांचवें और छठे दशक में कांग्रेस की थी। छठे दशक के आखिरी दिनों में कांग्रेस का किला दरकने लगे था और समाजवादी राजनीति करने वाली पार्टियों के साथ साथ भारतीय जनसंघ का भी असर दिखना शुरू हो गया था। कह सकते हैं कि आजादी के बाद दो दशक तक कांग्रेस की जो स्थिति थी, भाजपा आज उस स्थिति में है। केंद्र के साथ साथ वह लगभग पूरे देश में सबसे बड़ी राजनीतिक ताकत है। दक्षिण भारत को छोड़ दें तो देश के बाकी हिस्से...

  • बंगाल में भाजपा के पहले सीएम शुभेंदु!

    पश्चिम बंगाल में भाजपा की जीत के बाद इस पर कोई संदेह नहीं होना चाहिए था कि कौन मुख्यमंत्री बनेगा। शुभेंदु अधिकारी पिछले पांच साल से भाजपा के चेहरे के तौर पर लड़ रहे थे। उन्होंने सड़क पर उतर कर उसी तरह से संघर्ष किया है, जैसे ममता बनर्जी पहले लेफ्ट से लड़ती रही थीं। शुभेंदु वैसे भी ममता की ही पाठशाला से प्रशिक्षित नेता हैं। उन्होंने एक इतिहास यह भी बनाया है कि लगातार दो चुनावों में मुख्यमंत्री को हराया। पहले 2021 में नंदीग्राम सीट पर ममता को हराया और फिर 2026 में भबानीपुर में भी उनको हराया। ममता...

  • पंजाब में बंगाल दोहराने के सपने

    भारतीय जनता पार्टी ने पश्चिम बंगाल की जीत से पहले पंजाब में पत्ते बिछाने शुरू कर दिए थे। उसने आम आदमी पार्टी के छह राज्यसभा सांसदों को अपनी पार्टी में शामिल कराया। इनमें से चार सांसदों का कोई खास मतलब नहीं है लेकिन दो सांसद राघव चड्ढा और संदीप पाठक का मतलब है। संदीप पाठक ने आम आदमी पार्टी को पिछला पंजाब चुनाव लड़ाया था। पाठक और चड्ढा ने मिल कर उम्मीदवार तय किए थे और चुनाव की रणनीति बनाई थी। अब ये दोनों भाजपा के साथ हैं। इस बीच भाजपा पश्चिम बंगाल का चुनाव जीत गई है। लंबे समय...

  • भाजपा ने अमित शाह को बनाया पश्चिम बंगाल का केंद्रीय पर्यवेक्षक

    पश्चिम बंगाल में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को मिली प्रचंड जीत के बाद अब प्रदेश में नई सरकार के गठन की तैयारी तेज हो गई है। इसी क्रम में अब भाजपा ने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह को पश्चिम बंगाल में केंद्रीय पर्यवेक्षक नियुक्त किया है।  इसके अलावा ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी केंद्रीय सह-पर्यवेक्षक नियुक्त किया गया है। इसकी जानकारी भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव अरुण सिंह की ओर से प्रेस विज्ञप्ति के जरिए दी गई है। इसमें बताया गया है कि भारतीय जनता पार्टी के संसदीय बोर्ड ने पश्चिम बंगाल में पार्टी विधायक दल के नेता के चुनाव हेतु...

  • ममता ने भरोसा पहले गंवाया!

    भारत के कोई सत्तारूढ़ पार्टी चुनाव इसलिए नहीं हारती कि कोई विकल्प आ खड़ा हुआ है। उसका पतन तब होता है, जब विश्वास खत्म हो जाता है। और लगभग चुपचाप विकल्प शक्ल पा जाता है। यही आज के चुनाव नतीजों का लबोलुआब है। सत्ता बहसबाजी से नहीं, भरोसे के खिसकने से हारती है। राजनीति चालबाज हो सकती है। नेता उससे भी ज्यादा चालाक होते हैं। लेकिन एक क्षण ऐसा आता है जब जनता दोनों को असहज कर देती है। वह न बहस करती है, न अपने इरादे की घोषणा करती है। वह बस अपना विश्वास खींच लेती है। और जैसे...

  • बंगाल में कैसे जीती भाजपा?

    पश्चिम बंगाल की भौगोलिक और जनसंख्या संरचना को देख कर बहुत से राजनीतिक विश्लेषक और नेता भी यह मानते थे कि भारतीय जनता पार्टी को बहुत पहले पश्चिम बंगाल में चुनाव जीत जाना चाहिए था। पश्चिम बंगाल की सीमा बांग्लादेश से मिलती है, जहां से घुसपैठ होने और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा पैदा होने का नैरेटिव बहुत दिनों से बनता रहा है। घुसपैठ के कारण और ऐतिहासिक रूप से मुस्लिम बहुलता की वजह से राज्य की जनसंख्या संरचना भाजपा के हिंदुत्व के नैरेटिव को सपोर्ट करती थी। इसके बावजूद भाजपा चुनाव नहीं जीत पाती थी। पिछले चुनाव में राष्ट्रवाद,...

  • पूरब में भगवा भारी

    टीएमसी की ये उम्मीद गलत साबित हुई कि बांग्ला अस्मिता की प्रतिनिधि के रूप में खुद पेश कर वह ‘हिंदुत्व- हिंदी’ पहचान वाली भाजपा को जीतने से रोक देगी। असम में ऐसी सोच पहले ही गलत साबित हो चुकी है। पश्चिम बंगाल का सियासी किला फतह करने के लिए भारतीय जनता पार्टी ने 2026 का विधानसभा चुनाव युद्ध के अंदाज में लड़ा। अपने पास मौजूद तमाम गोले तो उसने वहां दागे ही, केंद्र में सत्ताधारी होने के नाते शासन तंत्र से हासिल होने वाली ताकत एवं प्रभाव का भी बेहिचक उपयोग किया। अपनी खास जूझारू भावना के लिए चर्चित ममता...

  • पीएम मोदी का ‘मैजिक’, 22 राज्यों में सरकार और पूरे देश में 2013 के मुकाबले 3 गुना से ज्यादा पार्टी के विधायक

    13 सितंबर 2013 को हुई भाजपा संसदीय बोर्ड की बैठक में आगामी लोकसभा चुनाव के लिए प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के तौर पर नरेंद्र मोदी का नाम घोषित किया गया। तब भाजपा या एनडीए की देश के कुछ गिने-चुने राज्यों में ही सरकार थी। देश के कई राज्य तो ऐसे थे, जहां भाजपा की जमीनी पकड़ भी शून्य थी। लेकिन, आज देश के 31 में से 22 राज्यों में भाजपा या एनडीए गठबंधन की सरकार है। यानी 22 राज्यों में सत्ता के शिखर पर भाजपा या एनडीए के नेता सीएम के तौर पर काबिज हैं। भाजपा को यह उपलब्धि 2014...

  • विधानसभा उपचुनाव: रुझान में पांच राज्यों की 7 सीटों पर भाजपा को बढ़त

    पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों के साथ-साथ कर्नाटक, नागालैंड, त्रिपुरा गुजरात और महाराष्ट्र की सात सीटों पर हुए उपचुनावों की मतगणना हो रही है। शुरुआती रुझान में 7 में से 5 सीटों पर भाजपा के उम्मीदवार बढ़त बनाए हुए हैं जबकि महाराष्ट्र की बारामती सीट से महायुति उम्मीदवार और महाराष्ट्र के पूर्व उपमुख्यमंत्री अजित पवार की पत्नी सुनेत्रा पवार आगे चल रही है। वहीं, कर्नाटक की बागलकोट सीट पर कांग्रेस आगे चल रही है।  चुनाव आयोग के अनुसार, महाराष्ट्र की बारामती सीट से राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) उम्मीदवार सुनेत्रा पवार 53,250 वोटों से आगे चल रही हैं। अजित पवार का...

  • पश्चिम बंगाल में शहर-शहर भाजपा कार्यकर्ताओं का जश्न

    पश्चिम बंगाल के चुनावों में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की बढ़त के बाद कार्यकर्ताओं में जबरदस्त उत्साह है। राज्य के अलग-अलग हिस्सों में भाजपा कार्यकर्ता जश्न मना रहे हैं। कोलकाता में भाजपा कार्यालय के बाहर 'कमला भोग' व 'झाल मुड़ी' जैसी मिठाइयां बांटी गईं। इसके साथ ही, भाजपा कार्यकर्ताओं ने 'जय श्री राम' के नारे लगाए। कोलकाता में पार्टी मुख्यालय के बाहर भाजपा कार्यकर्ता बड़ी संख्या में पहुंचे हैं और जश्न मना रहे हैं। इसी क्रम में स्थानीय नेता नारायण चट्टोपाध्याय 'कमला भोग' व 'झाल मुड़ी' लेकर पहुंचे। उन्होंने सभी को 'झाल मुड़ी' खिलाई। भाजपा कार्यकर्ताओं ने बात करते हुए...

  • भाजपा कैसे इतने भरोसे में?

    पश्चिम बंगाल के चुनाव नतीजों को लेकर भाजपा बहुत ज्यादा भरोसे में है। वैसे तो वह हर चुनाव में भरोसे में रहती है। लेकिन पश्चिम बंगाल का मामला थोड़ा अलग है। इस बार भाजपा ने पहले चरण के मतदान के दो दिन पहले यानी प्रचार बंद होने के दिन से जो माहौल बनाया है वह अभी तक कायम है। पहले चरण में भाजपा ने 152 में से एक सौ से ज्यादा सीट जीतने का नैरेटिव बनाया। यह भी कमाल की बात है कि दिल्ली से बंगाल गए तमाम पत्रकार एक जैसी बात कर रहे थे। यहां तक कि कोलकाता में...

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