नई दिल्ली। संसद के शीतकालीन सत्र का आखिरी हफ्ता शुरू हो गया है। आखिरी हफ्ते के पहले दिन सोमवार को इस बात पर बड़ा हंगामा हुआ कि रविवार को हुई कांग्रेस की रैली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ आपत्तिजनक नारा लगा था। संसद के दोनों सदनों में भाजपा सांसदों ने इसे मुद्दा बनाया। कहा जा रहा है कि रामलीला मैदान की रैली में ‘मोदी तेरी कब्र खुदेगी’ के नारे लगे थे। कांग्रेस ने इससे पल्ला झाड़ लिया और कहा है कि उसे नहीं पता कि किसने क्या नारा लगाया।
संसद के दोनों सदनों में भाजपा सांसदों ने इसे लेकर नारेबाजी की। सत्तापक्ष के सांसदों के हंगामे की वजह से दोनों सदन कई बार स्थगित हुए और कामकाज ठप्प हुआ। राज्यसभा में जेपी नड्डा ने कहा, ‘पीएम के खिलाफ ऐसी बातें करना, उनकी मौत की कामना करना शर्मनाक है’। उन्होंने कहा, ‘नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी को पूरे देश से माफी मांगनी चाहिए’। लोकसभा में केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा, ‘इससे शर्मनाक और क्या हो सकता है कि 140 करोड़ भारतीयों और विश्व के सबसे प्रसिद्ध नेता को इस तरह के नारों का सामना करना पड़ रहा है’।
दोनों सदनों की कार्यवाही पहले 12 बजे तक स्थगित हुई। कार्यवाही 12 बजे शुरू होते ही फिर हंगामा होने लगा, जिसके चलते कार्यवाही दो बजे तक फिर से स्थगित कर दी गई। बाद में भाजपा के आरोपों पर कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने पल्ला झाड़ते हुए कहा, ‘हमें नहीं मालूम कि ये सब किसने कहा। रैली में स्टेज से किसी ने भी ऐसा कुछ नहीं कहा। फिर पता चला कि किसी ने इंटरव्यू में कहा है। भाजपा को खुद नहीं पता की किसने नारेबाजी की’। उन्होंने कहा कि सत्तापक्ष के लोग और संसदीय कार्यमंत्री सदन नहीं चलने दे रहे हैं।


