भारत रत्न का मतलब संन्यास नहीं होता
बिहार और झारखंड दोनों जगह इन दिनों भारत रत्न की चर्चा बहुत हो रही है। रोचक बात यह है कि देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान की चर्चा राजनीतिक कारणों से हो रही है। कुछ साल पहले तक भारत रत्न सम्मान को राजनीति से परे देखा जाता था। लेकिन अब यह राजनीति को प्रभावित करने वाला एक माध्यम बन गया है। 2024 के लोकसभा चुनाव से पहले चौधरी चरण सिंह और कर्पूरी ठाकुर को भारत रत्न देने की घोषणा हुई। इसके बाद चौधरी चरण सिंह के पोते जयंत चौधरी ने अपनी पार्टी राष्ट्रीय लोकदल का तालमेल एनडीए के साथ किया और...