विपक्ष को बनानी होगी रणनीति
कांग्रेस पार्टी वैसे ही महिला आरक्षण के पक्ष में रही है, जैसे भाजपा रही है। दोनों बड़ी पार्टियों की बारी बारी से सरकार बनती थी, दोनों ऐलान करते थे कि वे महिला आरक्षण लागू करेंगे और दोनों लागू नहीं करते थे। यह खेल तीन दशक से चल रहा है। बाकी सारे बिल पास हो जाते थे सिर्फ महिला आरक्षण का बिल पास नहीं हो पाता था। खैर, अब वह भी हो गया है। लेकिन इस बार नई समस्या है। इस बार समस्या यह है कि जो कानून पास हुआ है वह लागू नहीं हुआ और लागू होने से पहले ही...