US Iran war

  • अमेरिका-ईरान में आज डील!

    नई दिल्ली। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान के साथ मंगलवार को अंतिम समझौता हो जाएगा। उन्होंने कहा है कि मंगलवार को पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में समझौते पर दस्तखत हो जाएगा। हालांकि ईरान की ओर से सोमवार देर शाम तक ऐसा कुछ भी नहीं कहा गया है। लेकिन राष्ट्रपति ट्रंप ने ‘फॉक्स न्यूज’ को दिए इंटरव्यू में कहा कि मंगलवार को समझौता हो सकता है। इससे पहले ‘न्यूयॉर्क पोस्ट’ को दिए इंटरव्यू में ट्रंप ने बताया था कि उप राष्ट्रपति जेडी वेंस सहित अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल बातचीत के लिए इस्लामाबाद रवाना हो गया है और...

  • अमेरिका का स्वेज नहर क्षण

    अब ऐसी ताकतों का उदय हो चुका है, जो अमेरिका को “नहीं” कह सकते हैं। वे उस इनकार पर कायम बने रह सकते हैं। जो ऐसा करने में सक्षम हैं, वे सभी एक ध्रुव हैं। ईरान ने खुद को एक ऐसा ध्रुव साबित किया है। उसने दिखाया है कि अपनी खास भौगोलिक स्थिति, सैन्य क्षमताओं में निवेश, और परिणाम भुगतने की राजनीतिक इच्छाशक्ति के सही संयोजन से कोई क्षेत्रीय शक्ति अपने पास-पड़ोस में अमेरिकी दादागीरी को नकार सकती है। ईरान के खिलाफ अमेरिका-इजराइल के साझा युद्ध के चार हफ्ते पूरे होने तक यह साफ हो गया है कि इस लड़ाई...

  • ईरान ने रखीं शर्तें!

    नई दिल्ली। अमेरिका की ओर से दिया गया 15 सूत्री शांति प्रस्ताव ईरान को मिल गया है लेकिन बताया जा रहा है कि उसने इसे खारिज कर दिया है। ईरान ने अपनी पांच शर्तें रखी हैं। ईरान ने तत्काल युद्ध खत्म करने और उसके लोगों की हत्या पर रोक लगाने की शर्त रखी है। इसके बाद उसने कहा कि फिर से युद्ध नहीं होने की पक्की गारंटी देनी होगी। इसके अलावा ईरान ने नुकसान की भरपाई के लिए मुआवजा मांगा है और अपने सभी प्रॉक्सी समूहों पर हमला रोकने को भी कहा। इसकी नई मांग यह है कि होरमुज की...

  • ना दिशा, ना उम्मीद

    मोदी ने संकटकाल में राष्ट्रीय एकजुटता का आह्वान किया। मगर इसके लिए विपक्ष और देश को भरोसे में लेने का कोई इरादा उन्होंने नहीं जताया। ऐसे में उनका बयान कोई नई दिशा दिखाने में सफल हुआ, ये कहना कठिन है। प्रधानमंत्री की इस बात से सहज सहमत हुआ जा सकता है कि पश्चिम एशिया में युद्ध से भारत के सामने कोरोना महामारी जैसा संकट खड़ा हुआ है। उनकी ये बात भी सही है कि इस संकट का प्रभाव लंबे समय तक बना रह सकता है। मगर उनकी ये बात उतनी ही आसानी से गले नहीं उतरती कि ये चुनौतियां अप्रत्याशित...

  • ट्रंप धमकी से पीछे हटे

    नई दिल्ली। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को दी गई धमकी की सीमा आगे बढ़ा दी है। उन्होंने ईरान के पावर प्लांट्स और उर्जा ठिकानों हमले की योजनी को फिलहाल टाल दिया है। राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच पिछले दो दिनों से चली बातचीत के बाद यह फैसला किया गया है। उन्होंने खुद इस बात की जानकारी दी है और बताया है कि रक्षा विभाग को उन्होंने निर्देश दिया है कि सभी सैन्य हमलों को पांच दिन के लिए रोक दिया जाए। उन्होंने कहा है कि बहुत जल्दी समझौता हो सकता है। राष्ट्रपति...

  • अमरीका-ईरान युद्ध से पूर्व सैनिक चिंतित

    भारत को अपनी गलती सुधारनी चाहिए। तटस्थ रहकर शांति की बात करनी चाहिए। ईरान से संबंध वापसी सुधारने चाहिए। तेल आयात के वैकल्पिक रास्ते तलाशने चाहिए। भारत की विदेश नीति हमेशा “सभी के साथ, किसी के खिलाफ नहीं” रही है। मोदी सरकार को इस सिद्धांत पर लौटना चाहिए। क्योंकि अंत में भारत का हित सबसे ऊपर है – सस्ता तेल, सुरक्षित नौकरियां और मजबूत अर्थव्यवस्था। फिलहाल दुनिया की सबसे बड़ी चिंता है – तेल के दाम। पेट्रोल, डीजल, रसोई गैस और हर चीज महंगी हो रही है। क्यों? क्योंकि अमेरिका और इजराइल ने मिलकर ईरान पर हमला कर दिया। मार्च...

  • युद्धविराम के लिए बातचीत शुरू!

    नई दिल्ली। एक तरफ अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान को धमकी दे रहे हैं और ईरान नए हमले कर रहा है तो दूसरी ओर दोनों देशों के बीच युद्धविराम के लिए बातचीत के प्रयास भी हो रहे हैं। अमेरिका मीडिया के मुताबिक राष्ट्रपति ट्रंप की टीम ईरान के साथ युद्धविराम पर बात करना चाहते हैं। ईरान के साथ पहले से वार्ता कर रहे ट्रंप के दामाद और सलाहकार जेरेड कुशनर व स्टीव विटकॉफ इस प्रयास में लगे हुए हैं। अमेरिकी मीडिया ‘एक्सियोस न्यूज’ ने अपनी वेबसाइट पर इसकी जानकारी दी है। बताया जा रहा है कि ईरान ने बातचीत...

  • खाड़ी से क्या लौटेंगे भारतीय?

    यह यक्ष प्रश्न है कि क्या खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीय वापस लौटेंगे? यह भी सवाल है कि क्या भारत सरकार खाड़ी के भारतीयों को लौटा लाने के लिए वैसा ही कोई अभियान चलाएगी, जैसा यूक्रेन से भारतीयों को लाने के लिए चला था? चार साल पहले फरवरी 2022 में यूक्रेन में जंग छिड़ी तो वहां फंसे भारतीयों को लाने का बड़ा हल्ला मचा। कहा गया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक फोन करके युद्ध रूकवा दिया ताकि वहां पढ़ाई कर रहे भारत के छात्रों को सुरक्षित निकाला जाए। युद्ध रूकवाने का नैरेटिव कई महीनों, बरसों तक चलता रहा।...

  • कैसे समझें अमेरिका के नग्न तांडव को

    ट्रंप और उनके अधिकारियों को इस बात का श्रेय देना होगा कि वे अपने मकसद को लेकर अक्सर कोई लाग-लपेट नहीं दिखाते। वे वही बोलते हैं, जो उनका मकसद है। … सार यह कि अमेरिक चाहता है कि दुनिया के तमाम देश अपने प्राकृतिक संसाधनों तक अमेरिकी कंपनियों की पहुंच निर्बाध बनने दें, अपने बाजार अमेरिकी उत्पादों के लिए खोल दें, और अपनी पूंजी अमेरिका में लगाएं। डॉनल्ड ट्रंप के काल में अमेरिका ने अंतरराष्ट्रीय व्यवहार के कायदे पूरी तरह बदल दिए हैं। बल्कि यह कहना ज्यादा सही होगा कि उसने नियम-कायदों की विश्व व्यवस्था को पूरी तरह ध्वस्त कर...

  • ट्रंप ने दांवा किया ईरान बातचीत चाहता है

    नई दिल्ली। ईरान पर अमेरिका और इजराइल के हमले के चौथे दिन मंगलवार को राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ा दावा किया है। उन्होंने कहा कि ईरान बातचीत करना चाहता है लेकिन अब बहुत देर हो गई है। उन्होंने यह भी दावा किया कि ईरान की वायु और नौसैनिक क्षमता पूरी तरह से खत्म हो गई है। हालांकि यह मनोवैज्ञानिक दांव ज्यादा लग रहा है। इससे पहले भी ट्रंप ने दावा किया था कि ईरान बातचीत करना चाहता है लेकिन तब ईरान के नेतृत्व ने इसका खंडन कर दिया था। राष्ट्रपति ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रूथ सोशल पर पोस्ट...

  • छह अमेरिकी ठिकानों पर हमला, लड़ाकू विमान गिरे

    नई दिल्ली। ईरान पर अमेरिका और इजराइल के साझा हमले के तीसरे दिन ईरान ने चार देशों के छह अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हमला किया। उसने सऊदी अरब की तेल कंपनी अरामको पर भी हमला किया और कतर के तेल संयंत्र को भी निशाना बनाया। इस बीच कुवैत में अमेरिका के तीन विमान दुर्घटनाग्रस्त हुए। अमेरिका ने कहा कि दोस्ताना कार्रवाई में उसके लड़ाकू विमान क्रैश हो गए। हालांकि इसमें किसी की जान नहीं गई। पायलट पहले ही बाहर निकल गए थे। अमेरिकी सेना ने कहा है कि कुवैत ने गलती से अमेरिका के तीन एफ 15ई लड़ाकू विमानों को...

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