US Iran war

  • ईरानी हमले में सौ अमेरिकी सैनिक घायल

    नई दिल्ली। ईरान पर अमेरिका का हमला जारी है और जवाब में ईरान भी लगातार हमले कर रहा है। दोनों के बीच नए सिरे से जंग शुरू होने के बाद होर्मुज की खाड़ी एक बार फिर से बंद हो गई है और अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत 90 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंच गई है। इस बीच अमेरिका ने माना है कि ईरान के जवाबी हमलों में उसके करीब एक सौ सैनिक घायल हुए हैं। पेंटागन के प्रवक्ता सीन पार्नेल ने इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि ये सैनिक सात जुलाई के बाद हुए हमलों में घायल...

  • अमेरिका ने तेज किया हमला, चाबहार भी निशाने पर

    नई दिल्ली। अमेरिका और ईरान के बीच दूसरे चरण में छठे दिन भी जंग जारी रही। लगातार छठी रात को अमेरिका ने ईरान पर हवाई हमले किया। ईरान ने भी पलटवार किया और कुवैत व बहरीन सहित कई खाड़ी देशों में अमेरिकी ठिकानों पर हमले किए। ईरान ने कहा कि पूरी शांति बहाल होने तक वह भी हमला करता रहेगा। अमेरिका ने गुरुवार रात के हमले में भारत के निवेश वाले चाबहार पोर्ट को भी निशाना बनाया। अमेरिकी हमले में चाबहार पोर्ट के कंट्रोल टावर को नुकसान पहुंचा है। अमेरिका के रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कंट्रोल टावर के क्षतिग्रस्त...

  • युद्ध केवल ठहरते हैं, अब खत्म नहीं होते!

    नेताओं की लोकलुभावन राजनीति की एक विचित्र विशेषता है। ऐसे नेता कभी किसी विजय को अंतिम जीत नहीं बनने देते। तभी हर चुनाव अब राष्ट्र के अस्तित्व की निर्णायक लड़ाई है। हर जनादेश सभ्यता बचाने का आखिरी अवसर घोषित है। लेकिन जीत मिलते ही अगला संकट खोज लिया जाता है। मानो विजय का उद्देश्य स्थिर शासन नहीं, बल्कि अगली लड़ाई की तैयारी हो। जाहिर है पोपुलिस्ट या लोकलुभावन राजनीति जनउत्तेजना से ही जीवित रहती है। यही बात अब इक्कीसवीं सदी के युद्ध, सैनिक आपरेशनों पर भी लागू है। पश्चिम एशिया पर गौर करें। कितनी बार वहां युद्ध रुका और फिर...

  • अमेरिका-ईरान ने जंग रोकी

    नई दिल्ली। तीन दिन के बाद एक बार फिर अमेरिका और ईरान ने जंग रोक दी है। साथ ही यह सहमति भी बनी है कि दोनों देशों के बीच वार्ता जारी रहेगी। हालांकि वार्ता के समय और स्थान को लेकर संशय है। कई रिपोर्ट में बताया गया है कि मंगलवार को कतर में दोनों देशों के बीच तकनीकी स्तर की वार्ता होगी। हालांकि ईरान के उप विदेश मंत्री काजिम गरीबाबादी ने कहा है कि यह खबर सही नहीं है। उन्होंने कहा है कि इस हफ्ते वार्ता नहीं होगी। इससे पहले खबर आई थी कि अमेरिका और ईरान ने फिलहाल एक...

  • ईरान ने रखी शर्त, ट्रंप ने धमकाया

    नई दिल्ली। अमेरिका और ईरान ने एक दूसरे पर हमला तेज कर दिया है। इस बीच अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को पूरी तरह से नष्ट करने की धमकी दी है। हालांकि ईरान पर इस धमकी का कोई असर नहीं पड़ा है। उलटे ईरान ने बहुत साफ शब्दों में कहा है कि वह अमेरिका के साथ युद्धविराम की अंतिम संधि तब तक नहीं करेगा, जब तक इजराइल पूरी तरह से लेबनान से बाहर नहीं निकल जाता है। इससे वार्ता उलझने की आशंका है। इस बीच अमेरिका ने ईरान के 10 ठिकानों पर हमला करने का दावा किया है,...

  • अमेरिका-ईरान ने एक दूसरे पर हमला किया

    नई दिल्ली। अमेरिका और ईरान के बीच 60 दिन का युद्धविराम लागू है लेकिन दोनों एक दूसरे पर हमले कर रहे हैं। दोनों ने एक दूसरे पर युद्धविराम तोड़ने का आरोप लगाया है। अमेरिका ने शुक्रवार को ईरान पर करीब एक घंटे तक हमले किए। अमेरिकी सेना ने ईरान के मिसाइल और ड्रोन ठिकानों के साथ साथ तटीय रडार के ठिकानों को निशाना बनाया। इसके जवाब में ईरान ने इस इलाके में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हमला किया। ईरान के मिसाइल और ड्रोन ठिकानों पर हमले के बाद अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान ने सीजफायर...

  • अमेरिका-ईरान में फिर जंग!

    नई दिल्ली। अमेरिका और ईरान के बीच दो अप्रैल से चल रहा युद्धविराम टूट गया है। हालांकि यह नहीं कहा जा सकता है कि स्थायी रूप से युद्धविराम समाप्त हो गया है लेकिन दोनों के बीच एक बार फिर जंग हुई है। इससे पहले इजराइल और ईरान के बीच भी संक्षिप्त जंग हुई। इस बीच अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फिर से ईरान को धमकी दी है और कहा है कि उसने समझौता वार्ता करने में देर कर दी है और उसे इसका खामियाजा भुगतना होगा। राष्ट्रपति ट्रंप ने बुधवार को सोशल मीडिया पर एक पोस्ट कर ईरान के...

  • अमेरिका-ईरान में हमलेबाजी

    नई दिल्ली। अमेरिका और ईरान के बीच अब कतर की मध्यस्थता में युद्धविराम की वार्ता हो रही है। लेकिन इस बीच दोनों ने एक दूसरे पर हमला शुरू कर दिया। अमेरिका ने बंदर अब्बास बंदरगाह पर ईरान के दो स्पीड बोट्स को उड़ा दिया और दावा किया कि ये बोट्स समुद्र में बारूदी सुरंग बिछा रहे थे। जवाबी हमले में ईरान ने अमेरिकी एमक्यू-9 बी ड्रोन को मार गिराने का दावा किया है और ईरानी हवाई क्षेत्र में घुसे एक लड़ाकू विमान पर भी फायरिंग की है। कतर की मीडिया ‘अल जजीरा’ की रिपोर्ट के मुताबिक ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी...

  • इजराइल का पेच है

    ईरान के पड़ोसी देशों का अहसास है कि मौजूदा लड़ाई ने उस क्षेत्र में शक्ति संतुलन को बदल दिया है। उन्हें यह अंदेशा भी है कि ईरान की निर्णायक हार नेतन्याहू की ‘ग्रेटर इजराइल’ की महत्त्वाकांक्षा को बल प्रदान करेगी। अमेरिका- ईरान युद्ध खत्म होने के बारे में रविवार को गुजरते हुए पहर के साथ माहौल बदला। सुबह समझौता करीब दिखा। खुद डॉनल्ड ट्रंप ने बताया कि मूल बिंदुओं पर रजामंदी हो गई है। उन्होंने समझौते की कुछ शर्तों को सार्वजनिक भी कर दिया। तब तेहरान स्थित सूत्रों के हवाले से बताया गया कि अमेरिकी अधिकारियों ने यह कहते हुए...

  • ट्रंप ने युद्ध की तैयारी तेज की

    नई दिल्ली। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक तरफ ईरान से बातचीत कर रहे हैं और दूसरी ओर युद्ध की तैयारी कर रहे हैं। उन्होंने शुक्रवार और शनिवार को ऐसा माहौल बनाया, जिससे लगा कि वे ईरान के खिलाफ बड़ा युद्ध शुरू करने जा रहे हैं। ट्रंप के कदमों से बड़े सैन्य तनाव की अटकलें तेज हो गई हैं। हालांकि अभी तक किसी नए अमेरिकी हमले की आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन कई घटनाओं को गंभीर संकेत माना जा रहा है। असल में राष्ट्रपति ट्रंप ने अपने बेटे की शादी से जुड़ा कार्यक्रम और वीकेंड का प्लान रद्द कर...

  • अगले हफ्ते संभव अमेरिका-ईरान की वार्ता

    नई दिल्ली। अमेरिका और ईरान के बीच दूसरी वार्ता अगले हफ्ते हो सकती है। एक दिन पहले शुक्रवार को खबर आई थी कि अमेरिका ने युद्धविराम तोड़ कर ईरान पर मिसाइल दागी तो जवाब में ईरान ने संयुक्त अरब अमीरात के साथ साथ कुछ अमेरिकी ठिकानों पर हमला किया। लेकिन शनिवार को खबर आई कि स्थायी युद्धविराम के लिए दोनों देशों के बीच अगले हफ्ते पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में फिर बातचीत शुरू हो सकती है। अमेरिकी मीडिया ‘वॉल स्ट्रीट जर्नल’ की रिपोर्ट के मुताबिक दोनों देश मध्यस्थ यानी पाकिस्तान के जरिए एक समझौता ड्राफ्ट पर काम कर रहे हैं,...

  • अमेरिका की हैसियत नहीं बची: ईरान

    नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में स्थायी युद्धविराम के लिए किए जा रहे प्रयासों के बीच ईरान ने बड़ा बयान दिया है। ईरान ने कहा है कि अमेरिका की ऐसी हैसियत नहीं बची कि वह किसी देश पर अपनी शर्तें थोप सके। ईरान ने मंगलवार को कहा कि अब अमेरिका ऐसी स्थिति में नहीं है कि वह दूसरे देशों को बताए कि उन्हें क्या करना चाहिए। इस बीच ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची एक बार फिर पाकिस्तान पहुंचे। रूस का दौरा खत्म करके वे मंगलवार को तीन दिन में तीसरी बार इस्लामाबाद पहुंचे। उधर ईरान के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता...

  • अमेरिका-ईरान में आज डील!

    नई दिल्ली। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान के साथ मंगलवार को अंतिम समझौता हो जाएगा। उन्होंने कहा है कि मंगलवार को पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में समझौते पर दस्तखत हो जाएगा। हालांकि ईरान की ओर से सोमवार देर शाम तक ऐसा कुछ भी नहीं कहा गया है। लेकिन राष्ट्रपति ट्रंप ने ‘फॉक्स न्यूज’ को दिए इंटरव्यू में कहा कि मंगलवार को समझौता हो सकता है। इससे पहले ‘न्यूयॉर्क पोस्ट’ को दिए इंटरव्यू में ट्रंप ने बताया था कि उप राष्ट्रपति जेडी वेंस सहित अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल बातचीत के लिए इस्लामाबाद रवाना हो गया है और...

  • अमेरिका का स्वेज नहर क्षण

    अब ऐसी ताकतों का उदय हो चुका है, जो अमेरिका को “नहीं” कह सकते हैं। वे उस इनकार पर कायम बने रह सकते हैं। जो ऐसा करने में सक्षम हैं, वे सभी एक ध्रुव हैं। ईरान ने खुद को एक ऐसा ध्रुव साबित किया है। उसने दिखाया है कि अपनी खास भौगोलिक स्थिति, सैन्य क्षमताओं में निवेश, और परिणाम भुगतने की राजनीतिक इच्छाशक्ति के सही संयोजन से कोई क्षेत्रीय शक्ति अपने पास-पड़ोस में अमेरिकी दादागीरी को नकार सकती है। ईरान के खिलाफ अमेरिका-इजराइल के साझा युद्ध के चार हफ्ते पूरे होने तक यह साफ हो गया है कि इस लड़ाई...

  • ईरान ने रखीं शर्तें!

    नई दिल्ली। अमेरिका की ओर से दिया गया 15 सूत्री शांति प्रस्ताव ईरान को मिल गया है लेकिन बताया जा रहा है कि उसने इसे खारिज कर दिया है। ईरान ने अपनी पांच शर्तें रखी हैं। ईरान ने तत्काल युद्ध खत्म करने और उसके लोगों की हत्या पर रोक लगाने की शर्त रखी है। इसके बाद उसने कहा कि फिर से युद्ध नहीं होने की पक्की गारंटी देनी होगी। इसके अलावा ईरान ने नुकसान की भरपाई के लिए मुआवजा मांगा है और अपने सभी प्रॉक्सी समूहों पर हमला रोकने को भी कहा। इसकी नई मांग यह है कि होरमुज की...

  • ना दिशा, ना उम्मीद

    मोदी ने संकटकाल में राष्ट्रीय एकजुटता का आह्वान किया। मगर इसके लिए विपक्ष और देश को भरोसे में लेने का कोई इरादा उन्होंने नहीं जताया। ऐसे में उनका बयान कोई नई दिशा दिखाने में सफल हुआ, ये कहना कठिन है। प्रधानमंत्री की इस बात से सहज सहमत हुआ जा सकता है कि पश्चिम एशिया में युद्ध से भारत के सामने कोरोना महामारी जैसा संकट खड़ा हुआ है। उनकी ये बात भी सही है कि इस संकट का प्रभाव लंबे समय तक बना रह सकता है। मगर उनकी ये बात उतनी ही आसानी से गले नहीं उतरती कि ये चुनौतियां अप्रत्याशित...

  • ट्रंप धमकी से पीछे हटे

    नई दिल्ली। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को दी गई धमकी की सीमा आगे बढ़ा दी है। उन्होंने ईरान के पावर प्लांट्स और उर्जा ठिकानों हमले की योजनी को फिलहाल टाल दिया है। राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच पिछले दो दिनों से चली बातचीत के बाद यह फैसला किया गया है। उन्होंने खुद इस बात की जानकारी दी है और बताया है कि रक्षा विभाग को उन्होंने निर्देश दिया है कि सभी सैन्य हमलों को पांच दिन के लिए रोक दिया जाए। उन्होंने कहा है कि बहुत जल्दी समझौता हो सकता है। राष्ट्रपति...

  • अमरीका-ईरान युद्ध से पूर्व सैनिक चिंतित

    भारत को अपनी गलती सुधारनी चाहिए। तटस्थ रहकर शांति की बात करनी चाहिए। ईरान से संबंध वापसी सुधारने चाहिए। तेल आयात के वैकल्पिक रास्ते तलाशने चाहिए। भारत की विदेश नीति हमेशा “सभी के साथ, किसी के खिलाफ नहीं” रही है। मोदी सरकार को इस सिद्धांत पर लौटना चाहिए। क्योंकि अंत में भारत का हित सबसे ऊपर है – सस्ता तेल, सुरक्षित नौकरियां और मजबूत अर्थव्यवस्था। फिलहाल दुनिया की सबसे बड़ी चिंता है – तेल के दाम। पेट्रोल, डीजल, रसोई गैस और हर चीज महंगी हो रही है। क्यों? क्योंकि अमेरिका और इजराइल ने मिलकर ईरान पर हमला कर दिया। मार्च...

  • युद्धविराम के लिए बातचीत शुरू!

    नई दिल्ली। एक तरफ अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान को धमकी दे रहे हैं और ईरान नए हमले कर रहा है तो दूसरी ओर दोनों देशों के बीच युद्धविराम के लिए बातचीत के प्रयास भी हो रहे हैं। अमेरिका मीडिया के मुताबिक राष्ट्रपति ट्रंप की टीम ईरान के साथ युद्धविराम पर बात करना चाहते हैं। ईरान के साथ पहले से वार्ता कर रहे ट्रंप के दामाद और सलाहकार जेरेड कुशनर व स्टीव विटकॉफ इस प्रयास में लगे हुए हैं। अमेरिकी मीडिया ‘एक्सियोस न्यूज’ ने अपनी वेबसाइट पर इसकी जानकारी दी है। बताया जा रहा है कि ईरान ने बातचीत...

  • खाड़ी से क्या लौटेंगे भारतीय?

    यह यक्ष प्रश्न है कि क्या खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीय वापस लौटेंगे? यह भी सवाल है कि क्या भारत सरकार खाड़ी के भारतीयों को लौटा लाने के लिए वैसा ही कोई अभियान चलाएगी, जैसा यूक्रेन से भारतीयों को लाने के लिए चला था? चार साल पहले फरवरी 2022 में यूक्रेन में जंग छिड़ी तो वहां फंसे भारतीयों को लाने का बड़ा हल्ला मचा। कहा गया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक फोन करके युद्ध रूकवा दिया ताकि वहां पढ़ाई कर रहे भारत के छात्रों को सुरक्षित निकाला जाए। युद्ध रूकवाने का नैरेटिव कई महीनों, बरसों तक चलता रहा।...

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