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अमीषा और सनी की उम्मीदों का ‘गदर’

अमीषा पटेल का करियर भी अजीब रहा है। उनकी शुरूआत ‘कहो ना प्यार है’ से हुई थी जो कि एक सुपरहिट फिल्म थी। तेलुगु की ‘बदरी’ उनकी दूसरी फिल्म थी और उसने भी रिकॉर्ड तोड़ कमाई की। और फिर वे ‘गदर: एक प्रेम कथा‘ में आईं जो सनी देओल के लिए भी अब तक की सबसे ज्यादा चलने वाली फिल्म है। ऐसी अभिनेत्रियां कम ही मिलेंगी जिनकी शुरूआती तीनों फिल्में अंधाधुंध कमाई करने वाली रही हों। लेकिन पता नहीं उसके बाद क्या हुआ। अमीषा की फिल्में चलनी बंद हो गईं। उन्हें काम मिलना भी निरंतर कम होता गया। लंबे समय से वे फिल्मों की बजाय सोशल मीडिया पर ज्यादा सक्रिय रही हैं।

अब बाईस साल बाद ‘गदर’ का सीक्वल ‘गदर 2’ आने वाला है और अमीषा की सारी उम्मीदें इसी पर टिकी हैं। वही क्यों, सनी देओल और खुद निर्देशक अनिल शर्मा भी ‘गदर’ जैसा कमाल दोबारा नहीं दिखा पाए हैं। अनिल शर्मा के लिए यह प्रोजेक्ट इसलिए भी महत्वपूर्ण है कि वे इसमें अपने बेटे उत्कर्ष को पेश कर रहे हैं। सनी देओल के साथ वह भी इस फिल्म में पाकिस्तान को धता बताने वाला है। पिछली ‘गदर’ में कहानी 1954 तक चली थी। ‘गदर 2’ में यह कहानी वहां से आगे 1971 तक चलेगी। यानी इसमें बांग्लादेश के जन्म वाली लड़ाई भी दिखाई जाएगी। सनी देओल ‘गदर’ के दर्शकों को इस कदर जानते हैं कि उन्होंने अगले पार्ट का पोस्टर जारी करते हुए लिखा, ‘हिंदुस्तान जिंदाबाद है, जिंदाबाद था और जिंदाबाद रहेगा।‘

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By सुशील कुमार सिंह

वरिष्ठ पत्रकार। जनसत्ता, हिंदी इंडिया टूडे आदि के लंबे पत्रकारिता अनुभव के बाद फिलहाल एक साप्ताहित पत्रिका का संपादन और लेखन।

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