ढाका। ढाका के बेली रोड पर गुरुवार देर रात छह मंजिला व्यावसायिक इमारत में लगी आग (Fire) में 43 लोगों की मौत हो गई। स्वास्थ्य मंत्री सामंत लाल सेन ने कहा कि मृतकों में से 33 की मौत ढाका मेडिकल कॉलेज अस्पताल (Hospital) में और 10 की शेख हसीना नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ बर्न एंड प्लास्टिक सर्जरी में हुई। उन्होंने बताया कि गंभीर रूप से झुलसे 22 से अधिक लोग जिंदगी और मौत से जूझ रहे हैं। Dhaka Building Fire
ग्रीन कोज़ी कॉटेज शॉपिंग मॉल से लगभग 75 लोगों को बचाया गया, इनमें से 42 लोग बेहोश थे। अग्निशमन सेवा का कहना है कि ग्रीन कोज़ी कॉटेज में कच्ची भाई बिरयानी की दुकान, खुदरा विक्रेता इलियेन का एक आउटलेट और कई अन्य दुकानें हैं। फेसबुक पर लोगों द्वारा शेयर लाइव वीडियो (Share Live Video) में इमारत में आग लगी हुई दिखाई दे रही है और बड़ी संख्या में लोग बाहर जमा हैं।
कुछ वीडियो में स्थानीय लोगों और अग्निशमनकर्मियों को इमारत के अंदर फंसे लोगों को बचाते हुए देखा गया। आग रात करीब 9:50 बजे लगी। दो घंटे बाद इस पर काबू पाया गया। अग्निशमन सेवा के एक बचाव कर्मी मोहम्मद रशीद (Mohammad Rasheed) पांच अन्य कर्मियों के साथ इमारत के पीछे से एयर जंपिंग बैग के साथ बाहर निकले। बगल की इमारत के एक सुरक्षा गार्ड ने बताया, “पहले हमने केवल धुआं देखा था।
जब मैं देखने के लिए इमारत के भूतल पर गया, तो मैंने गैस सिलेंडर फटने की आवाज सुनी और आग फैल गई। उन्होंने कहा आग इतनी तेजी से फैली कि फायर सर्विस को लोगों को बचाने में कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। कुछ लोग रस्सी पकड़कर इमारत से नीचे उतरे।
इस दौरान कई लोग घायल हो गए। लगभग 10-15 लोगों को शेख हसीना नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ बर्न एंड प्लास्टिक सर्जरी (Plastic Surgery) में ले जाया गया है। अग्निशमन सेवा के साथ मिलकर आग बुझाने और बचाव अभियान में मदद के लिए अर्धसैनिक बल, बांग्लादेश अंसार की तीन प्लाटून और विशेष रूप से प्रशिक्षित अंसार गार्ड बटालियन में से एक को तैनात किया गया है।
रात करीब 11:40 बजे इमारत से बचाए गए संतो दास ने आईएएनएस को बताया कि आग सिलेंडर में विस्फोट से लगी होगी। वह इमारत की तीसरी मंजिल पर एक रेस्तरां में काम करता है। अग्निशमन सेवा के अधिकारियों ने कहा कि अब तक कम से कम 19 लोगों को बचाया गया है।
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