दिल्ली का बनना जंग-ए-मैदान

नई दिल्ली। लाल अक्षरों में लिखी गाली और नारा बतला दे रहे थे कि आबोहवा में…

वाह! जिंदगी को क्या खूब परदे पर उतारा

फिल्म पैरासाइट खत्म होने के कोई घंटे पहले का दृश्य है- एक स्कूल का जिम, जो…

आप के दफ्तर में जब बनी बैचेनी!

अरविंद केजरीवाल और उनके साथी ग्यारह फरवरी 2020 का दिन शायद ही कभी भूल पाएं। और…

दिल्ली की बात में अब सस्पेंस ज्यादा!

दिल्ली की बात में अब सस्पेंस ज्यादा! “हिंदू मुसलिम यदि और हो गया तो भाजपा चुनाव…

राजनीति में चौपट हुई पुलिस

हाल में दिल्ली पुलिस ने हमारे आरडब्लूए (रेजीडेंट वेलफेयर एसोसिएशन) को एक एडवायजरी भेजी। इसमें लोगों…

क्या हो गया बॉलीवुड को?

बात गोल्डन ग्लोब अवार्ड समारोह की है। हास्य अभिनेता और निर्माता-निर्देशक रिकी गार्वेस ने फिल्मी जमात…

नई शुरुआत, नई मुश्किलें

गुजरे साल की 31 दिसबंर की रात हरेक के लिए अलग थी। कुछ लोग अगर नाच-गाने,…

साल जो गुजर गया

साल 2019 खत्म होने को है। कईयों के लिएयह राहत की बात है। आखिर बहुत उतार-चढ़ाव…

बुरे से कुरूप होते जाने की कहानी!

भारत आखिर किस दिशा में जा रहा है? आने वाले अगले दशक में भारत की क्या…

तब-अब केजरीवाल और दिल्ली

अरविंद केजरीवाल पहली बार दिसंबर 2013 में मुख्यमंत्री बने थे। सिर्फ 45 दिन पद पर रहे।…

कश्मीर पर बात से करें परहेज!

क्या‍ हम कश्मीर को कभी समझ सकते हैं? इससे भी बड़ी बात यह कि क्या हम…

क्या फर्क है मोदी और कांग्रेस में?

राजनीति कला है, संभावनाओं का खेल है मगर हाल में उसका जैसा ह्रास हुआ है, क्षुद्र…