राज्य-शहर ई पेपर व्यूज़- विचार

सुबह उठते ही जोड़ों में जकड़न और दर्द को न करें नजरअंदाज

कई लोग सुबह उठते समय शरीर में जकड़न और कमर में खिंचाव जैसी समस्या को महसूस करते हैं और इसे आम बात मानकर अनदेखा कर देते हैं। लेकिन अगर सुबह उठने के बाद जोड़ों की अकड़न लंबे समय तक बनी रहती है, तो यह शरीर में सूजन, ऑटोइम्यून बीमारी या जोड़ों से जुड़ी समस्या का संकेत हो सकता है। 

डॉक्टरों के मुताबिक, जब इंसान सोता है, तब शरीर कई घंटों तक लगभग एक ही स्थिति में रहता है। इस दौरान जोड़ों के बीच मौजूद सिनोवियल द्रव, जो हड्डियों को आसानी से चलाने में मदद करता है, थोड़ा गाढ़ा होने लगता है। सामान्य स्थिति में जैसे ही शरीर हरकत में आता है, यह द्रव फिर से सामान्य हो जाता है और जकड़न कम होने लगती है। लेकिन अगर शरीर में सूजन या जोड़ों की बीमारी मौजूद हो, तो यह अकड़न लंबे समय तक बनी रह सकती है। यही वजह है कि कुछ लोगों को सुबह उठने के बाद चलने-फिरने में काफी परेशानी होती है।

मेडिकल रिसर्च के अनुसार, सुबह लंबे समय तक रहने वाली जकड़न रुमेटाइड आर्थराइटिस जैसी बीमारी का संकेत हो सकती है। यह एक ऑटोइम्यून बीमारी है। इस बीमारी में हाथों और पैरों के जोड़ों में सूजन, गर्माहट और दर्द महसूस हो सकता है।

Also Read : जापान में रिलीज होगी रणवीर सिंह की ‘धुरंधर’, क्या तोड़ पाएगी ‘आरआरआर’ का रिकॉर्ड

कई मरीजों में सुबह की अकड़न एक घंटे या उससे ज्यादा समय तक बनी रहती है। अगर समय पर इलाज न मिले, तो यह बीमारी जोड़ों को स्थायी नुकसान पहुंचा सकती है।

इसके अलावा, ऑस्टियोआर्थराइटिस भी सुबह दर्द और जकड़न का बड़ा कारण माना जाता है। यह बीमारी अधिकतर बढ़ती उम्र में दिखाई देती है। इसमें जोड़ों का कार्टिलेज धीरे-धीरे कमजोर होने लगता है। घुटनों, कूल्हों और रीढ़ की हड्डी में इसका असर ज्यादा देखा जाता है। हालांकि इसमें जकड़न अक्सर कुछ मिनटों में कम हो जाती है, लेकिन लगातार दर्द बने रहना चिंता बढ़ा सकती है।

कुछ मामलों में सुबह की अकड़न फाइब्रोमायल्जिया नाम की समस्या का संकेत भी हो सकता है। इस स्थिति में मांसपेशियों के कुछ हिस्सों पर हल्का दबाव पड़ने पर भी तेज दर्द महसूस होता है। डॉक्टरों का कहना है कि यह समस्या मानसिक तनाव और नींद की खराब गुणवत्ता से भी जुड़ी हो सकती है।

स्वास्थ्य विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि सुबह उठने के बाद हल्की स्ट्रेचिंग करना फायदेमंद हो सकता है। बिस्तर से उठने से पहले हाथ-पैरों को धीरे-धीरे हिलाने से ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है। गर्म पानी से नहाना या हल्की गर्म सिकाई भी मांसपेशियों को आराम देती है। खाने में हल्दी, अदरक, अलसी, अखरोट और विटामिन डी से भरपूर चीजें शामिल करने से सूजन कम करने में मदद मिल सकती है।

Pic Credit : ANI

Tags :

By Naya India

Naya India, A Hindi newspaper in India, was first printed on 16th May 2010. The beginning was independent – and produly continues to be- with no allegiance to any political party or corporate house. Started by Hari Shankar Vyas, a pioneering Journalist with more that 30 years experience, NAYA INDIA abides to the core principle of free and nonpartisan Journalism.

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

three × 3 =