अनिश्चय से परेशान यूरोप
यूरोपीय देशों की मुश्किल यह है कि अमेरिका का साया उन पर नहीं रहा, रूस से उनकी दुश्मनी है, और चीन को वे अपने आर्थिक हितों के लिए खतरा मानते हैं। जबकि आज की दुनिया में यही सबसे बड़ी ताकतें हैं। पिछले महीने दावोस में हुए वर्ल्ड इकॉनमिक फोरम के बाद अब जर्मनी में हुए म्यूनिख सुरक्षा सम्मेलन में दुनिया में आए आमूल परिवर्तन से पैदा हुई चुनौतियां की गूंज सुनने को मिली। दावोस में कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी जो कहा, उसे म्यूनिख में जर्मन चांसलर फ्रीडरिक मर्त्ज और अन्य यूरोपीय नेताओं ने दोहराया। स्वाभाविक रूप से यूरोपीय नेता...