political crisis

  • पाकिस्तान में सियासी अंधेरा

    इमरान खान को ऊपरी अदालतों से राहत मिलेगी या नहीं, यह अभी तय नहीं है। लेकिन यह तय है कि अगर ऐस्टैबलिशमेंट ने उन्हें सियासत से हटाने को सोच लिया है, तो यह होकर रहेगा। पाकिस्तान में लोकतंत्र की कहानी जुगनू की चमक जैसी ही है। उसका 75 साल का इतिहास रोशनी की थोड़ी से आस जगाने के बाद फिर लंबे अंधकार के दौर की तरह रहा है। अब यह कहा जा सकता है कि जनरल परवेज मुशर्रफ के पतन के बाद टिमटिमाती रोशनी का जो एक दौर आया था, वह गुजर चुका है और देश पर फिर से पूरी...

  • एनसीपी पर कब्जे की जंग

    मुंबई। अपने चाचा शरद पवार और उनकी बनाई पार्टी एनसीपी से अजित पवार की बगावत के एक दिन पार्टी पर कब्जे की जंग शुरू हो गई है। शरद पवार ने अपने बेहद करीबी रहे पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष प्रफुल्ल पटेल और वरिष्ठ नेता सुनील तटकरे को एनसीपी से निकाल दिया है। दोनों की प्राथमिक सदस्यता रद्द कर दी गई है। दूसरी ओर अजित पवार ने सोमवार को भाजपा नेता और उप मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस के साथ बैठक की और अपनी नई टीम का ऐलान किया। उन्होंने सुनील तटकरे को पार्टी का प्रदेश अध्यक्ष बनाया है। गौरतलब है कि अजित पवार...

  • मप्र: सतह पर आई भाजपा की गुटबाजी

    भोपाल। केवल दीपक जोशी ने ही भाजपा नहीं छोड़ी है बल्कि पूरे प्रदेश में जगह-जगह से जिस तरह से भाजपा नेताओं के बयान आ रहे हैं उससे भाजपा की अंदरूनी कलह अब सतह पर आ गई है। माना जा रहा है पार्टी का राष्ट्रीय नेतृत्व जल्द ही गुटबाजी के नासूर का ऑपरेशन करेगा। 28 मई को संसद भवन के उद्घाटन के बाद प्रदेश पर फोकस किया जाएगा। दरअसल, प्रदेश और देश में लगातार सरकार में रहने के कारण कार्यकर्ताओं और नेताओं के बीच जहां फासला बना वहीं नेताओं के बीच सत्ता में भागीदारी को लेकर प्रतिस्पर्धा भी बढ़ी लेकिन अब...

  • आज की राजनीति : ‘जहरीला सांप’ से ‘विषकन्या’ तक…?

    भोपाल। हमने एक वह जमाना देखा है, जब संसद में एक दूसरे की बखिया उधेड़ने वाले प्रतिपक्षी नेता राम मनोहर लोहिया और तत्कालीन प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू संसद से बाहर निकलते समय एक दूसरे के गले में हाथ डाले नजर आते थे, अर्थात वाणी की वैमनस्यता सदन में ही छोड़ कर आ जाते थे, किंतु आज शीर्ष राजनीति का स्तर काफी निम्न नजर आता है, संसद में उसी प्रतिपक्षी नेता की कुर्सी पर विराजित मौजूदा नेता चुनावी सभाओं में प्रधानमंत्री को "विषैला सर्प" बताते हैं और सत्तारूढ़ दल से जुड़े गुजरात के एक विधायक कांग्रेस की शीर्ष नेत्री को "विषकन्या"...