कोलकाता। रामनवमी के मौके पर हुई हिंसा के हवाले से कलकत्ता हाई कोर्ट ने मुर्शिदाबाद जिले की बहरामपुर सीट पर चुनाव टालने के लिए कहा है। इस सीट से कांग्रेस के नेता और प्रदेश अध्यक्ष अधीर रंजन चौधरी सांसद हैं। कलकत्ता हाई कोर्ट ने मंगलवार को चुनाव आयोग से अपील किया कि बहरामपुर में चुनाव आगे बढ़ाया जाए। गौरतलब है कि मुर्शिदाबाद में 13 और 17 अप्रैल को रामनवमी उत्सव के दौरान दो गुटों में झगड़ा हुआ था।
इसे लेकर दायर दो याचिकाओं पर कलकत्ता हाई कोर्ट ने सुनवाई की। इनमें हिंसा की घटनाओं की सीबीआई और एनआईए से जांच कराने की मांग की गई थी। इस पर कोर्ट ने कहा कि आचार संहिता के दौरान दो गुटों में झगड़ा हुआ था। इस स्थिति में वहां के लोग किसी को चुन नहीं सकते। चुनाव होने के कारण भी समस्या होगी। कोर्ट ने बंगाल सरकार से भी कहा है कि रामनवमी पर मुर्शिदाबाद में जो हिंसा हुई थी, उस पर रिपोर्ट पेश करें। मामले की अगली सुनवाई 26 अप्रैल को होगी। गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में सभी सात चरणों में लोकसभा चुनाव होने हैं। चुनाव आयोग ने राज्य में केंद्रीय सुरक्षा बलों की 920 टुकड़ियां तैनात की हैं। यहां जम्मू कश्मीर से ज्यादा सुरक्षा बल तैनात किया गया है।
बहरहाल, सुनवाई के दौरान हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस टीएस सिवागननम ने कहा- अगर लोग आठ घंटे के लिए भी कोई त्योहार शांति से नहीं मना सकते तो हम चुनाव आयोग से अनुरोध करते हैं कि ऐसे निर्वाचन क्षेत्रों में चुनाव न कराएं जाएं। आचार संहिता लागू हो जाने के बाद भी, दो समुदायों के लोग आपस में लड़ रहे हैं। गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में रामनवमी के अवसर पर दो जगह हिंसा हुई थी। मुर्शिदाबाद जिले के बेलडांगा शहर में मस्जिद के पास से शोभायात्रा निकालने के बाद दो समुदायों के बीच संघर्ष हुआ। इस बीच बम फटने की भी सूचना मिली।
Leave a comment
You must be logged in to post a comment.


