Mamta Banerjee

  • ममता ने भरोसा पहले गंवाया!

    भारत के कोई सत्तारूढ़ पार्टी चुनाव इसलिए नहीं हारती कि कोई विकल्प आ खड़ा हुआ है। उसका पतन तब होता है, जब विश्वास खत्म हो जाता है। और लगभग चुपचाप विकल्प शक्ल पा जाता है। यही आज के चुनाव नतीजों का लबोलुआब है। सत्ता बहसबाजी से नहीं, भरोसे के खिसकने से हारती है। राजनीति चालबाज हो सकती है। नेता उससे भी ज्यादा चालाक होते हैं। लेकिन एक क्षण ऐसा आता है जब जनता दोनों को असहज कर देती है। वह न बहस करती है, न अपने इरादे की घोषणा करती है। वह बस अपना विश्वास खींच लेती है। और जैसे...

  • बंगाल में कैसे जीती भाजपा?

    पश्चिम बंगाल की भौगोलिक और जनसंख्या संरचना को देख कर बहुत से राजनीतिक विश्लेषक और नेता भी यह मानते थे कि भारतीय जनता पार्टी को बहुत पहले पश्चिम बंगाल में चुनाव जीत जाना चाहिए था। पश्चिम बंगाल की सीमा बांग्लादेश से मिलती है, जहां से घुसपैठ होने और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा पैदा होने का नैरेटिव बहुत दिनों से बनता रहा है। घुसपैठ के कारण और ऐतिहासिक रूप से मुस्लिम बहुलता की वजह से राज्य की जनसंख्या संरचना भाजपा के हिंदुत्व के नैरेटिव को सपोर्ट करती थी। इसके बावजूद भाजपा चुनाव नहीं जीत पाती थी। पिछले चुनाव में राष्ट्रवाद,...

  • एक्जिट पोल पर घमासान

    नई दिल्ली/कोलकाता। पश्चिम बंगाल में दूसरे और आखिरी चरण का मतदान समाप्त होने के बाद बुधवार की शाम को एक्जिट पोल का जो सिलसिला शुरू हुआ वह दूसरे दिन यानी गुरुवार को जारी रहा। साथ ही एक्जिट पोल के आंकड़ों पर घमासान भी जारी रहा। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने गुरुवार को बड़ा दावा किया। उन्होंने कहा कि मतदान के बीच में बुधवार को भाजपा की ओर से न्यूज चैनलों को एक्जिट पोल के आंकड़े भेजे गए और उन्हें चलाने को कहा गया। उन्होंने दावा किया कि चैनलों को पैसे भी मिले हैं और डराया भी गया है। इस बीच गुरुवार...

  • पूरा ‘इंडिया’ ब्लॉक ममता के साथ

    विपक्षी राजनीति के कई विरोधाभास ऐसे हैं, जो दिल्ली में भले कम दिखाई दें लेकिन चुनावी या जमीनी राजनीति पर बहुत साफ नजर आते हैं। ऐसा ही विरोधाभास पश्चिम बंगाल के चुनाव में दिख रहा है। एक तो यह है कि विपक्षी गठबंधन यानी ‘इंडिया’ ब्लॉक की पार्टियां आपस में लड़ रही हैं। लेकिन इससे बड़ा विरोधाभास यह है कि दिल्ली में और संसद की राजनीति में कांग्रेस का साथ देने वाली पार्टियां वहां खुल कर ममता बनर्जी के साथ खड़ी हैं। हेमंत सोरेन से लेकर तेजस्वी यादव और अखिलेश यादव से लेकर अरविंद केजरीवाल तक ममता बनर्जी के लिए...

  • ममता का रोड शो, मोदी की चिट्ठी

    कोलकाता। पश्चिम बंगाल में दूसरे और अंतिम चरण में 142 सीटों के लिए प्रचार समाप्त हो गया है। चुनाव प्रचार के आखिरी दिन सभी पार्टियों ने पूरी ताकत लगाई। तृणमूल कांग्रेस की ओर से ममता बनर्जी और उनके भतीजे अभिषेक बनर्जी ने कई सभाओं को संबोधित किया और ममता ने अपने चुनाव क्षेत्र भबानीपुर में रोड शो किया तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी चुनावी रैली की और बंगाल की जनता के नाम से एक चिट्ठी भी लिखी। मोदी के अलावा अमित शाह और योगी आदित्यनाथ ने भी सोमवार को रैली की। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भवानीपुर में रोड शो...

  • मोदी, ममता ने किया जीत का दावा

    कोलकाता। पश्चिम बंगाल में पहले चरण की 152 सीटों पर रिकॉर्ड मतदान हुआ। गुरुवार को जिस समय मतदान चल रहा था उस समय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दूसरे चरण की सीटों पर चुनावी सभा को संबोधित कर रहे थे तो राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पदयात्रा कर रही थीं। दूसरे चरण में 29 अप्रैल को 142 सीटों पर मतदान होना है। इसके लिए प्रधानमंत्री मोदी ने कृष्णानगर और मथुरापुर में जनसभा की और हावड़ा में रोड शो किया। ममता बनर्जी ने अपने चुनाव क्षेत्र भबानीपुर में पदयात्रा की। प्रधानमंत्री मोदी ने अपनी जनसभा में जीत का दावा किया और कहा कि...

  • ममता को बाहरी वोट की चिंता क्यों?

    पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस की नेता ममता बनर्जी इस बार परेशान बताई जा रही हैं। लेकिन कोलकाता के जानकार लोगों के कहना है कि यह कोई नई बात नहीं है। हर चुनाव में वे परेशान होती हैं लेकिन अंत में जीत उनकी होती है। अब पता नहीं चार मई को नतीजा क्या आता है लेकिन उससे पहले ममता बनर्जी ने कई किस्म की चिंताएं जताई हैं। इनमें एक चिंता यह है कि भाजपा दो लाख बाहरी वोटर्स को बंगाल ले आई है। सवाल है कि ममता बनर्जी के बाहरी मतदाताओं की चिंता क्यों है? क्या तृणमूल कांग्रेस...

  • ममता पर सुप्रीम कोर्ट की तीखी टिप्पणी

    नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल में पहले चरण की 152 सीटों के लिए होने वाले मतदान से ठीक एक दिन पहले सुप्रीम कोर्ट में ममता बनर्जी के खिलाफ ईडी की एक याचिका पर सुनवाई हुई। इस दौरान सुप्रीम कोर्ट ने तृणमूल कांग्रेस की सुप्रीमो ममता बनर्जी पर तीखी टिप्पणी की। यह मामला ममता बनर्जी का चुनाव प्रबंधन संभालने वाली संस्था आईपैक पर ईडी के छापे से जुड़ी है। छापे के दौरान ममता बनर्जी ने मौके पर पहुंच गई थीं। ईडी ने आरोप लगाया है कि ममता ने उसके कामकाज में बाधा डाली। सर्वोच्च अदालत ने ईडी की कार्रवाई के बीच मुख्यमंत्री...

  • मतदान से पहले असहाय ममता

    पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पूरी तरह से असहाय दिख रही हैं। इस बार उन्होंने चुनाव प्रचार लड़ने भिड़ने के अंदाज में शुरू किया था। पिछले चुनाव यानी 2021 का विधानसभा चुनाव उन्होंने निरीहता के अंदाज में लड़ा था। अपने को दीदी की बजाय बंगाल की बेटी की तरह प्रोजेक्ट किया और लगभग पूरा चुनाव व्हील चेयर पर बैठ कर लड़ा। इस बार उनके तेवर अलग थे। उन्होंने पहले दिन से टकराव का तरीका चुना। ममता ने चुनाव आयोग के खिलाफ मोर्चा खोला और एसआईआर के खिलाफ पांच दिन तक धरना दिया। इसके बाद ईडी ने उनकी पार्टी के...

  • भाजपा का पतन शुरू हो गया, केंद्र में अल्पमत सरकार

    हावड़ा। ममता ने 2029 से लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण लागू करने संबंधी संविधान संशोधन विधेयक को केंद्र द्वारा पारित कराने में नाकाम रहने के संदर्भ में यह बात कही। हावड़ा के उलुबेरिया और दक्षिण 24 परगना के बरुइपुर, भंगोर और सोनारपुर में चुनावी रैलियों को संबोधित करते हुए, बनर्जी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर तीखा हमला बोला और दावा किया कि परिसीमन को महिला आरक्षण से जोड़ने का भाजपा का असफल प्रयास देश और बंगाल को विभाजित करने के ‘‘असल खेल’’ को उजागर करता है। तृणमूल कांग्रेस सुप्रीमो ने आरोप लगाया कि ‘संविधान...

  • ममता को कितने मोर्चे पर लड़ना है?

    सचमुच भारतीय जनता पार्टी की विरोधी पार्टियों के लिए चुनाव लड़ना, चुनाव जीतना और जीतने के बाद सरकार चलाना बहुत मुश्किल होता जा रहा है। हर पार्टी को एक से ज्यादा मोर्चे पर लड़ना होता है और एक मोर्चे पर कमजोर लड़ाई का असर बाकी सब पर भी पड़ता है। पहले चुनाव होते तो सिर्फ चुनाव होता था। पार्टियां चुनावी सभा करती थीं, मतदाताओं को मोबिलाइज करती थीं, बूथ प्रबंधन का काम करती थीं, लेकिन अब इन पारंपरिक तरीकों से चुनाव नहीं लड़ा जाता है। खास कर अगर भाजपा की प्रतिद्वंद्वी ममता बनर्जी हों तो उनकी मुश्किलें और ज्यादा होती...

  • ममता ने भाजपा पर लगाया साजिश का आरोप

    कोलकाता। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सभा में लगाए गए आरोपों का जवाब दिया और साथ ही भाजपा के ऊपर उनके खिलाफ साजिश रचने का आरोप भी लगाया। केशियारी में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने चुनावी रैली को संबोधित करते हुए कहा कि भवानीपुर से उनकी उम्मीदवारी रद्द कराने की साजिश भाजपा ने रची थी। ममता बनर्जी ने झारग्राम और पश्चिम मेदिनीपुर के केशियारी में रैली की। इस दौरान उन्होंने कहा, ‘भाजपा बंगाल विरोधी है, उन्हें अपने घर में घुसने मत दीजिए’। ममता ने दावा किया कि भाजपा ने दो झूठे हलफनामे दाखिल...

  • ममता ने स्टालिन पर भी आरोप लगाया

    ममता बनर्जी अपने राज्य में परेशान हैं। विधानसभा चुनाव से पहले परेशानी वाजिब है। वैसे भी भाजपा जिस तरह से चुनाव लड़ रही है और केंद्रीय एजेंसियां जिस तरह से काम कर रही हैं उससे ममता की परेशानी थोड़ी और बढ़ी है। लेकिन क्या वे इतनी परेशान हो गई हैं कि कांग्रेस के साथ साथ दूसरी विपक्षी पार्टियों के ऊपर भी भाजपा से मिले होने के आरोप लगा रही हैं? उन्होंने कांग्रेस के ऊपर तो आरोप लगाया कि उसकी अंदरखाने भाजपा से साठगांठ है लेकिन साथ ही तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन के लिए भी कह दिया कि वे भाजपा...

  • ममता ने ईवीएम बदले जाने की आशंका जताई

    कोलकाता। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बड़ा दावा किया है। उन्होंने कहा है कि चुनाव के बाद इलेक्ट्रोनिक वोटिंग मशीन यानी ईवीएम बदली जा सकती है। ममता ने अपनी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं को सावधान रहने की सलाह दी है। ममता ने मुर्शिदाबाद में कहा कि सभी ईवीएम मशीनों की अच्छी तरह जांच की जाए। बूथ एजेंट भी उन्हें ध्यान से देखें। उन्होंने कहा कि मतदान के बाद केंद्रीय बलों की मौजूदगी में मशीनों से छेड़छाड़ की आशंका हो सकती है, इसलिए 24 घंटे निगरानी रखनी जरूरी है। ममता ने अपने कार्यकर्ताओं से कहा कि ईवीएम के...

  • ममता का फिर दिल्ली चलो का ऐलान

    ममता बनर्जी ने एक बार फिर दिल्ली चलो का ऐलान कर दिया है। वे हर विधानसभा चुनाव से पहले इस तरह का ऐलान करती हैं। उनकी पार्टी भी इस तरह की घोषणा करती है। पिछले चुनाव में यानी 2021 में बहुत साफ तरीके से कहा गया था कि दिल्ली का रास्ता बंगाल से होकर जाएगा। ममता बनर्जी की पार्टी के नेताओं ने कहा था कि 2021 का विधानसभा चुनाव जीतने के बाद ममता बनर्जी राष्ट्रीय राजनीति के लिए कूच करेंगी और 2024 में प्रधानमंत्री बनेंगी। लेकिन 2024 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को चुनौती देने के लिए विपक्ष का एक मजबूत...

  • कितने भी वोट कट जाएं, ममता लड़ेंगी

    पहले ऐसा लग रहा था कि अगर चुनाव आयोग ने बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम काटे तो ममता बनर्जी उसके खिलाफ आंदोलन करेंगी और कानूनी लड़ाई लड़ेंगी। लेकिन अब ऐसा लग रहा है कि वे चुनाव लड़ने की ही तैयारी कर रही हैं। चुनाव आयोग ने 63 लाख नाम काटने के बाद 60 लाख से कुछ ज्यादा नाम विचाराधीन श्रेणी में डाल दिए। खबर है कि उसमें से 37 लाख मतदाताओं के दस्तावेजों की जांच हो गई है, जिसमें से करीब 15 लाख लोगों के नाम कटे हैं। बचे हुए 23 लाख मतदाताओं के दस्तावेजों की जांच हो रही...

  • ममता ने खजाना खोलने का ऐलान किया

    कोलकाता। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस की प्रमुख ममता बनर्जी ने विधानसभा चुनाव से पहले ऐलान किया कि है कि अगर चौथी बार उनकी सरकार बनती है तो वे महिलाओं और युवाओं के लिए खजाना खोल देंगी। ममता बनर्जी ने शुक्रवार को विधानसभा चुनाव के लिए पार्टी का घोषणापत्र जारी किया। उन्होंने महिलाओं को नकद रुपए देने वाली लक्ष्मी भंडार योजना के तहत हर महीने मिलने वाली सहायता राशि पांच सौ रुपए बढ़ाने का वादा किया है। ममता की पार्टी के घोषणापत्र के मुताबिक, ‘अगर ममता की सरकार बनी तो बंगाल में सामान्य श्रेणी की महिलाओं को हर...

  • ममता ने सभी उम्मीदवार घोषित किए

    कोलकाता। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने विधानसभा चुनाव के लिए अपनी पार्टी तृणमूल कांग्रेस के सभी उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है। उन्होंने 294 सदस्यों की विधानसभा के लिए 291 सीटों पर अपने उम्मीदवार घोषित किए हैं। ममता ने तीन सीटें पहाड़ी इलाके की अपनी सहयोगी पार्टी बीजीपीएम को दी हैं। ममता ने 74 विधायकों यानी करीब एक तिहाई विधायकों की टिकट काट दी है। इसके अलावा 15 विधायकों की सीटें बदली गई हैं। ममता बनर्जी खुद अपनी पारंपरिक भवानीपुर सीट से ही लड़ेंगी। भाजपा विधायक दल के नेता शुभेंदु अधिकारी से एक बार फिर उनका मुकाबला होगा।...

  • चुनाव आयोग के खिलाफ ममता का मोर्चा

    अब राहुल गांधी बैकग्राउंड में चले गए हैं। उनके साथ अक्सर ऐसा होता है। वे कोई मुद्दा उठाते हें और उसे बीच में ही छोड़ देते हैं। वे अब वोट की लूट और चुनाव आयोग की कथित गड़बड़ियों का मुद्दा नहीं उठा रहे हैं। लेकिन ममता बनर्जी ऐसा नहीं करती हैं। वे कोई मुद्दा उठाती हैं तो जब तक उसको किसी नतीजे पर नहीं पहुंचाती हैं या उससे अपना राजनीतिक लक्ष्य हासिल नहीं कर लेती हैं तब तक उसे छोड़ती नहीं हैं। अभी उनके निशाने पर चुनाव आयोग है। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर शुरू होने के...

  • ममता का धरना दूसरे दिन भी जारी

    कोलकाता। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर में बड़ी संख्या में लोगों के नाम काटे जाने के विरोध में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का धरना शनिवार को दूसरे दिन भी जारी रहा। ममता ने शुक्रवार को धरना शुरू किया था और वे पूरी रात धरने की जगह पर ही रहीं। ममता ने शुक्रवार, छह मार्च को दोपहर दो बजे से कोलकाता के एस्प्लेनेड मेट्रो चैनल पर धरना शुरू किया है। उन्होंने पश्चिम बंगाल के कुछ जिलों को अलग करने की कथित योजना को लेकर भी केंद्र पर हमला किया और कहा कि भाजपा ने ऐसा किया तो उसका जवाब...

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