नई दिल्ली। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान के साथ मंगलवार को अंतिम समझौता हो जाएगा। उन्होंने कहा है कि मंगलवार को पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में समझौते पर दस्तखत हो जाएगा। हालांकि ईरान की ओर से सोमवार देर शाम तक ऐसा कुछ भी नहीं कहा गया है। लेकिन राष्ट्रपति ट्रंप ने ‘फॉक्स न्यूज’ को दिए इंटरव्यू में कहा कि मंगलवार को समझौता हो सकता है।
इससे पहले ‘न्यूयॉर्क पोस्ट’ को दिए इंटरव्यू में ट्रंप ने बताया था कि उप राष्ट्रपति जेडी वेंस सहित अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल बातचीत के लिए इस्लामाबाद रवाना हो गया है और कुछ ही घंटों में वहां पहुंच जाएगा। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ईरान के साथ बातचीत करने जा रहा है और उन्हें उम्मीद है कि इस बार कोई ‘गेम’ नहीं खेला जाएगा।
उधर पाकिस्तान में अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल के दौरे से पहले तैयारियां तेज हो गई है। रावलपिंडी स्थित पाकिस्तानी वायु सेना के नूर खान बेस पर पिछले 48 घंटों में कम से कम छह अमेरिकी सैन्य विमान उतर चुके हैं। फ्लाइट ट्रैकिंग डेटा के मुताबिक, चार विमान पिछले दो दिनों में उतरे, जबकि दो विमान सोमवार पहुंचे। ये सभी विमान सामान उतार कर वापस लौट गए।
खबरों के अनुसार, इन विमानों में कम्युनिकेशन उपकरण, गाड़ियां और अन्य जरूरी सामान लाए गए हैं। गौरतलब है कि नूर खान एयरबेस इस्लामाबाद के लिए प्रमुख वीआईपी एंट्री पॉइंट है, जहां से विदेशी प्रतिनिधिमंडलों का आना जाना होता है। अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल के पाकिस्तान पहुंचने की खबरों के बीच पाकिस्तान और ईरान के बीच भी कूटनीतिक हलचल तेज हो गई है। पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने ईरानी राजदूत रेजा अमीरी मोगद्दम से मुलाकात की, जिसमें अमेरिका के साथ संभावित वार्ता और क्षेत्रीय तनाव कम करने के मुद्दे पर चर्चा हुई।
उधर ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची और पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार के बीच फोन पर बातचीत हुई है। इस दौरान दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय हालात और मौजूदा कूटनीतिक गतिविधियों पर चर्चा की। दोनों पक्षों ने मौजूदा संकट के समाधान के लिए संवाद और कूटनीतिक संपर्क जारी रखने की जरूरत पर जोर दिया। इस्लामाबाद में होने वाली बातचीत से पहले ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने कहा है कि देश अमेरिका और इजराइल के साथ चल रहे युद्ध को सम्मान और समझदारी के साथ खत्म करने की कोशिश करेगा। तेहरान में एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कहा कि ईरान मौजूदा हालात को बुद्धिमत्ता और संतुलन के साथ संभाल रहा है।


