Assam election

  • असम का चुनाव सभ्यताओं का संघर्ष!

    चुनावों को पानीपत की लड़ाई बताने के बाद अब एक राज्य के चुनाव को सभ्यताओं का संघर्ष बताया जा रहा है। असम के मुख्यमंत्री हेमंत बिस्व सरमा ने अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव को सभ्यताओं का संघर्ष कहा है। चुनाव जीतने के लिए किसी भी हद तक जाकर सांप्रदायिक ध्रुवीकरण कराने का प्रयास कर रहे सरमा ने दावा किया है कि 2011 में 34 फीसदी आबादी मुस्लिम थी, जो अगले साल की जनगणना में 40 फीसदी हो गई रहेगी। उनका दावा है कि इसमें ज्यादा हिस्सा बांग्लादेश से आए ‘मियां मुस्लिम’ का है। उनके खिलाफ बाकी लोगों को एकजुट...

  • असम चुनाव से पहले भाजपा को बड़ा झटका

    असम में अगले साल अप्रैल में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा को बहुत बड़ा झटका लगा है। बोडोलैंड टेरिटोरियल काउंसिल यानी बीटीसी के चुनाव में भाजपा बुरी तरह से हारी है। भाजपा की पुरानी सहयोगी बोडोलैंड पीपुल्स फ्रंट यानी बीपीएफ ने कमाल का प्रदर्शन किया और अकेले दम पर बड़ा बहुमत हासिल किया। 40 सीटों के बीटीसी चुनाव में हागरामा महलारी की पार्टी बीपीएफ को 28 सीटें मिली हैं। गौरतलब है कि भाजपा ने बीपीएफ के साथ तालमेल किया था। लेकिन बाद में उसकी विरोधी पार्टी यूपीपीएल के साथ तालमेल करके बीपीएफ को निपटा दिया था। लेकिन पांच...

  • असम में क्या चेहरा घोषित करेगी कांग्रेस?

    assam congress : कांग्रेस ने तय कर दिया है कि वह केरल में बिना किसी का चेहरा घोषित किए विधानसभा चुनाव लड़ेगी लेकिन ऐसी कोई घोषणा असम के बारे में नहीं की गई है। कांग्रेस के जानकार सूत्रों का कहना है कि हर राज्य में एक रणनीति नहीं चलेगी। असम में पार्टी मुख्यमंत्री का चेहरा घोषित कर सकती है। इसका एक कारण यह भी बताया जा रहा है कि असम में भाजपा से मुकाबला है और उसका चेहरा हिमंत बिस्वा सरमा होंगे। हालांकि यह पता नहीं है कि पार्टी उनका नाम घोषित करके लड़ेगी या नहीं लेकिन चुनाव का नेतृत्व...