केरल में लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट यानी एलडीएफ के बीच सब कुछ ठीक नहीं है। किसी न किसी मुद्दे को लेकर गठबंधन की दोनों बड़ी पार्टियों सीपीएम और सीपीआई के बीच विवाद चल रहा है। सीपीआई के राज्य सचिव और सांसद विनय विस्वम इस मामले में सबसे ज्यादा मुखर हैं। वे लगातार सीपीएम और उसके मुख्यमंत्री पिनरायी विजयन को निशाना बना रहे हैं। पिछले दिनों उन्होंने इस बात के लिए राज्य सरकार पर हमला किया था उसने केंद्र सरकार के फंड के लिए बुनियादी सिद्धांतों से समझौता किया और नई शिक्षा नीति को स्वीकार करने की पहल की। अब नया विवाद वेलापल्ली नतेशन का है। नतेशन के विचारों और भाषणों से राज्य के अल्पसंख्यकों में नाराजगी है।
गौरतलब है कि नतेशन राज्य की पिछड़ी ऐझवा जाति से आते हैं, जिसका कई इलाकों में बड़ा असर है। वे एक धार्मिक संगठन के प्रमुख भी हैं। लेकिन वे लगातार राज्य के अल्पसंख्यकों खास कर मुस्लिमों के खिलाफ बयान देते रहते हैं। वे खासतौर से इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग के खिलाफ मुखर रहते हैं। हालांकि मुस्लिम लीग का गठबंधन कांग्रेस के साथ है लेकिन उस पर हमला करते हुए नतेशन मुसलमानों पर भी आक्रामक हो जाते हैं। विनय विस्वम ने दावा किया है कि नतेशन के बयानों की वजह से कई इलाकों में निकाय चुनावों में लेफ्ट मोर्चा को नुकसान हुआ। असल में नतेशन का यह विवाद इसलिए बढ़ा है क्योंकि मुख्यमंत्री विजयन उनको बहुत तरजीह दे रहे हैं। मुख्यमंत्री के कार्यक्रमों में नतेशन की मौजूदगी रहती है और पिछले दिनों विजयन और वे एक कार में सफर करते दिखे।
Leave a comment
You must be logged in to post a comment.




