मातृभाषा का हक और लोकतंत्र की कसौटी
राजस्थानी के संदर्भ में सुप्रीम कोर्ट ने जो कहा, वही बात भोजपुरी पर और भी अधिक तीव्रता से लागू होती है। अगर बच्चों को मातृभाषा में शिक्षा का अधिकार है, तो भोजपुरी बोलने वाले करोड़ों बच्चों को यह अधिकार क्यों नहीं मिलना चाहिए? क्या वे कम भारतीय हैं? क्या उनकी भाषा कम समृद्ध है?... सुप्रीम कोर्ट का यह निर्णय एक अवसर है, नीति-निर्माताओं के लिए, शिक्षाविदों के लिए ... सुप्रीम कोर्ट का हालिया निर्णय (राजस्थान के स्कूलों में राजस्थानी भाषा को पढ़ाने और उसे आगे चल कर शिक्षा का माध्यम बनाने का निर्देश) सिर्फ एक प्रशासनिक आदेश नहीं है। यह...