चुनाव आयोग की गड़बड़ियां संयोग हैं या प्रयोग?
चुनाव आयोग द्वारा अचानक कुछ ज्यादा ही ग़ड़बड़ियां होने लगी हैं। कहीं भाजपा की मुहर लगी चिट्ठी जारी हो जा रही है तो कहीं वेबसाइट में ऐसी गड़बड़ी दिखने लग रही है कि सांसदों के नाम ही मतदाता सूची से गायब हो जा रहे हैं। हर बार चुनाव आयोग कहता है कि तकनीती गड़बड़ी थी, जिसे ठीक कर लिया गया है या मानवीय भूल थी, जिस पर कार्रवाई कर दी गई है। लेकिन सवाल है कि इतनी गड़बड़ियां अचानक होने लगना संयोग है या प्रयोग? इससे पहले कभी इतनी गड़बड़ी नहीं हुई। यह भी सवाल है कि पश्चिम बंगाल में...