भोपाल का शांत ओपेरा
भारत का साहित्यिक भविष्य केवल मेगा-उत्सवों पर नहीं टिक सकता। उसे जड़ों वाले, उ...
भारत का साहित्यिक भविष्य केवल मेगा-उत्सवों पर नहीं टिक सकता। उसे जड़ों वाले, उ...
शिक्षक का मूल कार्य अध्ययन और अध्यापन है। भारत के सरकारी स्कूलों के शिक्षक अध्ययन का काम पहले ही काफी हद तक छोड़ चुके थे...
सबसे पहले तो यह समझना होगा कि प्रशांत किशोर ने बिहार में क्या गंवाया है? वे मानें या नहीं मानें लेकिन एक कुशल चुनाव प्रब...
मकर संक्रांति पर्व भारतीय संस्कृति का महान लोकपर्व सांस्कृतिक एकता का प्रतीक है जो देश के प्रत्येक कोने में अलग ...
मकर संक्रांति का महत्व सूर्य के उत्तरायण होने से जुड़ा है। शीतकाल के अंत में सूर्य मकर रेखा को पार करते हुए उत्त...
पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले माहौल पूरा गरम है। केंद्र की भाजपा सरकार ने अपने आजमाए हुए दांव के तौर पर चुनाव ...
बिहार और झारखंड दोनों जगह इन दिनों भारत रत्न की चर्चा बहुत हो रही है। रोचक बात यह है कि देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान की...
एक बड़े स्वप्नदृष्टा के रूप में विवेकानंद ने एक ऐसे समाज की कल्पना की थी, जिसम...
दूषित जल की समस्या का समाधान संभव है, यदि बहुआयामी दृष्टिकोण अपनाया जाए। सबसे पहले,
इक्कीसवीं सदी के पहले पच्चीस वर्ष। ये ढाई दशक मानवता की अमूल्य, अविस्मरणीय अवधि के थे। इसमें मनुष्य के हाथों मनुष्य-समतु...
क्या 15 साल की एंटी इन्कम्बैंसी के कारण उनकी स्थिति कमजोर हुई है
वेनेजुएला पर अमेरिका का औचक सैन्य हमला कोई अपवाद नहीं है। यह उसी शाश्वत सिद्धांत को पुनर्स्थापित करता है
ट्रंप काल में अमेरिका को अपनी साम्राज्यवादी मंशाओं को पूरा करने के लिए नग्न होना पड़ रहा है। दुनिया फिलहाल हैरत ...
मणिपुर को लेकर एक ताज़ा रिपोर्ट ‘द इकोनॉमिस्ट’ में पढ़ी। इसका यह वाक्य मुझे ठिठका गया कि मणिपुर की अशांति को अलग और अधिक...
मोदी सरकार इन दिनों हेडलाइन मैनेजमेंट में बांग्लादेश में हिंदुओं की हत्या पर सुर्खियां बनवा रही है। क्यों? ताकि बंगाल मे...