India

  • भारत से ईरान ने टोल नहीं लिया है

    नई दिल्ली। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने होर्मुज की खाड़ी में ईरान के टोल वसूलने को लेकर सख्त रुख अख्तियार किया है। इस बीच ईरान ने कहा है कि उसने भारत से कोई टोल नहीं लिया है। यानी भारत के जहाजों को बिना टोल के गुजरने दिया है। भारत में ईरान के राजदूत मोहम्मद फतहली ने कहा कि होर्मुज की खाड़ी से गुजरने वाले भारतीय जहाजों से अब तक कोई टोल नहीं लिया गया है। ईरान इसके साथ ही यह भी कहा कि होर्मुज की खाड़ी से भारतीय जहाजों को सुरक्षित गुजरने में वह मदद करेगा। ईरान के राजदूत...

  • भारत ने ईरान में मौजूद भारतीयों को दी जल्द से जल्द देश छोड़ने की सलाह

    अमेरिका और ईरान के बीच सीजफायर समझौते के बावजूद, भारत ने बुधवार को ईरान में मौजूद अपने नागरिकों को सलाह दी कि वे जल्द से जल्द देश छोड़ दें। भारत ने अपने नागरिकों को ईरान में स्थित दूतावास के बताए रास्तों का इस्तेमाल करने का भी सुझाव दिया है। तेहरान स्थित भारतीय दूतावास ने बुधवार को एक एडवाइजरी में कहा 7 अप्रैल की एडवाइजरी के क्रम में और हाल के घटनाक्रमों को देखते हुए ईरान में मौजूद भारतीय नागरिकों को सलाह दी जाती है कि वे दूतावास के साथ तालमेल बिठाकर और दूतावास की ओर से सुझाए गए रास्तों का...

  • ईरान के संपर्क में है भारत

    नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में अपने नागरिकों की सुरक्षा और भारतीय जहाजों की आवाजाही सुरक्षित रूप से सुनिश्चित करने के लिए भारत ईरान और दूसरे देशों के संपर्क में है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि युद्धग्रस्त क्षेत्र में रहने वाले भारतीयों की सुरक्षा सरकार की सबसे पहली प्राथमिकता है। उन्होंने यह भी कहा कि होरमुज की खाड़ी से भारतीय जहाजों का सुचारू आवाजाही हो इसके लिए ईरान सहित दूसरे देशों के संपर्क में है भारत। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि मंत्रालय का विशेष कंट्रोल रूम लगातार काम कर रहा...

  • भारत आ रहे जहाज पर हमला

    नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में चल रही जंग में अब भारत निशाने पर आ रहा है। भारत के बैकयार्ड में अमेरिका ने एक ईरानी जहाज को मार कर डुबो दिया और अब होरमुज की खाड़ी में भारत आ रहे एक जहाज पर हमला हुआ है। हमला किसने किया है यह पता नहीं है लेकिन जहाज थाईलैंड का है, जो भारत आ रहा था। इसके तीन सदस्य लापता हैं। इस बीच बुधवार को भारत सरकार ने बताया कि पश्चिम एशिया में जारी जंग में अब व्यापारिक जहाजों पर हुए हमले में भारत के दो लोग मारे गए हैं और एक व्यक्ति...

  • ये कैसी उलटी बयार!

    पूंजी अभाव का सामना कर रहे इस देश में उलटी बयार चल रही है। एक ओर राष्ट्रीय सुरक्षा की चिंता छोड़ चीनी पूंजी बुलाई जा रही है, तो दूसरी तरफ भारतीय पूंजी ‘अमेरिका फर्स्ट’ का एजेंडा साधने जा रही है! भारत ने सामरिक चिंताओं को ताक पर रखते हुए चीनी पूंजी के लिए अपने दरवाजे खोल दिए हैं। तर्क पहले से दिया जा रहा था कि जब विदेशी निवेशक भारत से मुंह मोड़ रहे हैं, भारत के लिए आ सकने वाली चीनी पूंजी का रास्ता रोके रखना ठीक नहीं है। गौरतलब है कि इस वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में 3.7 बिलियन...

  • दुनिया बदल रही है पर क्या भारत तैयार?

    दुनिया आज उस मोड़ पर खड़ी है जहाँ शक्ति केवल सैन्य या आर्थिक आकार से तय नहीं होगी, बल्कि उन देशों से तय होगी जो सहयोग के ऐसे नेटवर्क बना सकें जिनमें दूसरे देश भरोसे के साथ शामिल होना चाहें।.. पर आज भारत की विदेश नीति की दिशा और विश्वसनीयता दोनों पर ऐसे सवाल उठ रहे हैं जो पहले शायद ही सुनाई देते थे। समस्या केवल यह नहीं है कि बड़ी शक्तियों का दबाव बढ़ गया है। असली चिंता यह है कि नई दिल्ली की कूटनीति में वह संतुलित अनुशासन अब पहले जैसा दिखाई नहीं देता, जिसने लंबे समय तक...

  • वनडे सीरीज: मंधाना-कौर ने लगाए अर्धशतक

    भारत ने ऑस्ट्रेलिया के सामने वनडे सीरीज के पहले मैच में जीत के लिए 215 रन का टारगेट रखा है। टीम इंडिया ऑस्ट्रेलिया दौरे पर टी20 सीरीज 2-1 से जीतने के बाद वनडे सीरीज पर भी कब्जा जमाने के इरादे से उतरी है।  एलन बॉर्डर फील्ड पर टॉस जीतकर बल्लेबाजी के लिए उतरी भारतीय टीम 48.3 ओवरों में महज 214 रन पर सिमट गई। भारत की शुरुआत खराब रही। टीम इंडिया को मैच की दूसरी ही गेंद पर प्रतीका रावल (0) के रूप में बड़ा झटका लगा, उस समय तक टीम का खाता नहीं खुला था।  यहां से स्मृति मंधाना...

  • भारत-ब्राजील में बड़ा समझौता

    नई दिल्ली। इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 में हिस्सा लेने भारत आए ब्राजील के राष्ट्रपति लूला डि सिल्वा के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को दोपक्षीय वार्ता की। इस वार्ता के बाद दोनों देशों के बीच अहम समझौते हुए। सबसे बड़ा समझौता क्रिटिकल मिनरल्स और रेयर अर्थ मैटेरियल्स को लेकर हुए। गौरतलब है कि भारत सहित दुनिया के ज्यादातर देश रेयर अर्थ एलीमेंट्स के लिए चीन पर निर्भर हैं। ब्राजील के साथ समझौते से भारत की चीन पर निर्भरता कम होगी। छह दिन के राजकीय दौरे पर भारत आए ब्राजील के राष्ट्रपति ने पहले एआई समिट में हिस्सा लिया।...

  • यह न केवल चेतावनी बल्कि दावं पर भविष्य

    आयोजन की अव्यवस्था एक रूपक बन गई। भीड़ से भरे हॉल, कमजोर कनेक्टिविटी और कड़ी सुरक्षा ने उन सहज संवादों को बाधित किया, जहां से नए विचार जन्म लेते हैं। यदि भारत नेतृत्व चाहता है तो उसे पैमाने के साथ-साथ सटीकता भी साधनी होगी—वह शांत दक्षता जो घोषणाओं को टिकाऊ संस्थाओं में बदलती है।....उत्सवी मॉडल से पहुंच तो बढ़ती है, पर फोकस धुंधला हो सकता है। श्रेष्ठ वैज्ञानिक सहयोग गहराई और घनत्व पर फलता है। भारत का एआई मेला सुबह नौ बजे तक बैरिकेड लग चुके थे। नई दिल्ली के भारत मंडपम के बाहर प्रतिनिधि सुरक्षा जांच से गुजर रहे...

  • भारत ने सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवाओं में एआई को किया शामिल

    एक आधिकारिक बयान में शुक्रवार को कहा गया कि भारत ने अपनी सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं में बड़ा बदलाव किया है। अब देश ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) को एक नई रणनीति के तहत स्वास्थ्य व्यवस्था में शामिल किया है, जिसका उद्देश्य डॉक्टरों की कमी को दूर करना और लोगों तक बेहतर इलाज पहुंचाना है।   सरकार ने नेशनल टीबी एलिमिनेशन प्रोग्राम, नेशनल डायबिटिक रेटिनोपैथी स्क्रीनिंग प्रोग्राम और बीमारी निगरानी सिस्टम में एआई टूल्स का इस्तेमाल शुरू किया है, जिससे ऐसे स्वास्थ्यकर्मी भी जांच कर पा रहे हैं जो विशेषज्ञ डॉक्टर नहीं हैं। इसका फायदा यह हुआ है कि टीबी से होने वाले...

  • टॉप-स्पीड में दौड़ रही भारत की ऑटो इंडस्ट्री

    जीएसटी में कमी और घरेलू मांग में सुधार के कारण देश की ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री टॉप-स्पीड में दौड़ रही है और जनवरी 2026 में यात्री वाहनों, दोपहिया वाहनों और तिपहिया वाहनों की बिक्री ऑल-टाइम हाई पर रही है।   इंडस्ट्री बॉडी सोसाइटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरर्स (सियाम) की ओर से जारी किए गए डेटा के मुताबिक, जनवरी 2026 में यात्री वाहनों की घरेलू बिक्री सालाना आधार पर 12.6 प्रतिशत बढ़कर 4,49,616 यूनिट्स हो गई है, जो कि जनवरी 2025 में 3,99,386 यूनिट्स थी।  दोपहिया वाहनों की बिक्री सालाना आधार पर 26.2 प्रतिशत बढ़कर जनवरी 2026 में 19,25,603 यूनिट्स पर पहुंच गई है,...

  • मुंह छिपाने की मजबूरी

    पीयूष गोयल के मुताबिक ट्रेड डील में रूसी तेल का मुद्दा नहीं है। इसलिए इस पर विदेश मंत्रालय से पूछा जाना चाहिए। विदेश मंत्री गोयल से पूछने की सलाह दे चुके हैँ। प्रधानमंत्री से तो स्पष्टीकरण की अपेक्षा ही नहीं है। अमेरिका से ट्रेड डील में रूसी तेल के मुद्दे को शामिल करने से भारत को आर्थिक के साथ-साथ प्रतिष्ठा का इतना बड़ा नुकसान हुआ है कि नरेंद्र मोदी सरकार के मंत्री इसकी जवाबदेही एक दूसरे पर टालने की जुगत में दिखे हैं। वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल के मुताबिक उन्होंने जो डील की, उसमें यह मुद्दा नहीं है, इसलिए इस...

  • पाकिस्तान की सियासी चाल

    यह लाइन भारत की रही है कि आतंकवाद और क्रिकेट साथ-साथ नहीं चल सकते। मगर दोनों देशों के बीच मैच चलते रहें, इसकी राह भी निकाली जाती रही है। दुर्भाग्यपूर्ण है कि ऐसा करने में बीसीसीआई सहायक बनती आई है। जो फैसला भारत को लेना चाहिए था, वह पाकिस्तान ने किया है। दोनों देशों की दुश्मनी का कारोबारी फायदा उठाने के अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद की पाखंड भरी रणनीति का अंत होना ही चाहिए। यह लाइन भारत की रही है कि आतंकवाद और क्रिकेट साथ-साथ नहीं चल सकते। मगर दोनों देशों के बीच मैच चलते रहें, इसकी राह भी निकाली जाती...

  • भारत-यूरोपीय संघ के बीच होने जा रहा ऐतिहासिक फ्री ट्रेड एग्रीमेंट

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मंगलवार को राष्ट्रीय राजधानी में 16वें भारत-यूरोपीय संघ (ईयू) शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेंगे, जिसमें यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन और यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा भारत और ईयू के बीच अब तक के सबसे बड़े व्यापार समझौते की घोषणा करेंगे, जिसे 'सभी समझौतों की जननी' कहा जा रहा है।  वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल के अनुसार, भारत और यूरोपीय संघ के बीच लंबे समय से चल रही मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) की बातचीत पूरी हो चुकी है। इस समझौते के पूरा होने की आधिकारिक घोषणा 16वें भारत-ईयू शिखर सम्मेलन में की जाएगी। यह...

  • भारत पर 500% टैरिफ की आशंका

    न्यूयॉर्क/वाशिंगटन। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने उस विधेयक का समर्थन किया है, जिसके तहत रूस से तेल खरीदने वाले देशों पर 500 प्रतिशत तक का शुल्क लगाया जा सकता है। इस प्रस्तावित कदम से व्हाइट हाउस को चीन और भारत जैसे देशों पर मॉस्को से सस्ता तेल खरीदना बंद करने के लिए दबाव बनाने की तगड़ी गुंजाइश बनेगी। अमेरिकी सीनेटर लिंडसे ग्राहम ने बुधवार को कहा कि यह विधेयक चीन, भारत और ब्राजील जैसे देशों के खिलाफ व्हाइट हाउस को “बेहद मजबूत दबाव बनाने का साधन” प्रदान करेगा, ताकि उन्हें रूस से सस्ता तेल खरीदना बंद करने के लिए...

  • धमकी भर से हड़कंप

    ट्रंप भारत को लगातार धमकियां दे रहे हैं, इसके बावजूद कि भारत ने अमेरिका से दोगुना तेल खरीदा है। मुद्दा है कि भारत अमेरिका के सामने इतना लाचार क्यों नजर आता है? जाहिरा तौर पर इसकी वजह भारत की अपनी कमजोरियां हैँ। डॉनल्ड ट्रंप ने संकेतों की भाषा में धमकी दी कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उन्हें खुश रखें, वरना भारत और वे और टैरिफ लगा देंगे। इतने भर से भारत के कारोबार जगत में बेचैनी फैल गई। फेडरेशन ऑफ इंडियन एक्सपोर्ट ऑर्गनाइजेशन्स ने कहा कि अमेरिका ने मौजूदा 50 फीसदी टैरिफ को बढ़ाया, तो उसका भारतीय निर्यात पर बहुत खराब...

  • भारत की संभावनाओं की कुंजी

    भारत को ऐसी सोच चाहिए जो व्यक्ति को केवल डेटा बिंदु नहीं, एक स्वायत्त, समझदार, गरिमामय नागरिक माने। एक ऐसी लोकतांत्रिक सोच जो यह माने कि प्रगति केवल आंकड़ों से नहीं, आशाओं और अवसरों से भी मापी जाती है। क्यों शिक्षा और तकनीक को नेतृत्व करना चाहिए? प्रसिद्ध अर्थशास्त्री एजाज़ ग़नी (मेरे जेएनयू के मित्र और समकालीन, जो ऑक्सफोर्ड से पीएचडी के बाद वर्ल्ड बैंक से रिटायर हुए) ने अपनी ताज़ा वर्किंग पेपर “भारत कैसे अधिक नौकरियां पैदा करे और विकसित भारत 2047 को हासिल करे?” में भारत के “नौकरी विरोधाभास” (Jobs Paradox) की फॉरेंसिक व्याख्या की है। मतलब एक...

  • अमेरिका की खोखली हमदर्दी

    साल 2020 में चीन ने लद्दाख क्षेत्र में कथित रूप से नए इलाकों को अपने कब्जे में लेने के बाद से अरुणाचल प्रदेश पर अपनी नज़रें टिका रखी हैं। फिर भी भारत उससे तनाव घटाने को मजबूर क्यों हुआ? अमेरिका के युद्ध मंत्रालय (पेंटागन) ने ताकत और प्रभाव क्षेत्र में वृद्धि के साथ चीन के नजरिए में आए बदलाव की ठोस तस्वीर खींची है। कहा जा सकता है कि दक्षिण एशिया एवं हिंद महासागर क्षेत्र में चीन से भारत के लिए बढ़ रहीं चुनौतियों को इसमें एक साथ पेश कर पेंटागन ने भारत के नीति-निर्माताओं की सहायता की है। रिपोर्ट...

  • बदलती दुनिया में बेगाना होता भारत

    भारत के लिए अमेरिकी नीति का बदलाव असहज समय में आया है। आज वाशिंगटन यह नहीं पूछता कि आप कौन हैं या आप क्या मानते हैं। वह सिर्फ़ यह पूछता है कि आप क्या करके दिखा सकते हैं।.. वाशिंगटन, ब्रसेल्स और टोक्यो जैसे राजनयिक गलियारों में भारत को अब एक ऐसे देश के रूप में देखा जा रहा है जो यह चाहता तो है कि उसे महत्व दिया जाए, लेकिन वह उतनी तैयारी नहीं दिखाता। उसका आकार ध्यान खींचता है, लेकिन उसका आचरण इन राजधानियों में उलटे संदेह जगाता है। जब अमेरिका ने पिछले महीने अपनी 2025 की राष्ट्रीय सुरक्षा...

  • भारत को फिर चाहिए अपनी नैतिक ऊँचाई

    हिंदुओं को दुनिया भर में सम्मान उनके उदात्त मूल्यों—सहिष्णुता, अहिंसा और ज्ञान—के कारण मिला। उपनिषदों से गांधी तक का बौद्धिक व नैतिक सफर भारत की आत्मा का प्रतिनिधि रहा है। वही नैतिक ऊँचाई अब धुंधला गई है।... अंतरराष्ट्रीय मीडिया अब हिंदू धर्म को आक्रामकता के प्रतीक के रूप में चित्रित करता है। अगर हिंदू धर्म की नैतिक प्रतिष्ठा को बचाना है, तो उसे उत्पीड़न के तर्क से नहीं, अपने मूल्यों की पुनर्प्राप्ति से रास्ता निकालना होगा। पिछले दशक में भारत की इमेज पर नैतिक धुंध छाई है। वह भारत, जिसे प्रवासी भारतीय दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र और बुद्धिमान नागरिकों...

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